पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में प्रचंड बहुमत हासिल करने के बाद एनडीए ने सरकार बनाने की प्रक्रिया को तेज कर दिया है। रविवार सुबह से ही मुख्यमंत्री आवास पर राजनीतिक गतिविधियां बढ़ गईं। सबसे पहले केंद्रीय राज्य मंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता नित्यानंद राय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिलने पहुंचे। उनके कुछ ही देर बाद रालोसपा अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा भी सीएम हाउस पहुंचे और मुख्यमंत्री से करीब आधे घंटे तक मुलाकात की। इस मुलाकात को नई सरकार के गठन को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
विजय कुमार सिन्हा भी मुख्यमंत्री आवास पहुंचे
इसी दौरान उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा भी मुख्यमंत्री आवास पहुंचे। नीतीश कुमार से मुलाकात के तुरंत बाद वे दिल्ली रवाना हो गए, जहां उनकी बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व के साथ बैठक होने की संभावना है। इससे संकेत मिल रहे हैं कि नई सरकार के स्वरूप पर दिल्ली और पटना, दोनों जगह उच्चस्तरीय चर्चाएं जारी हैं।
सीएम नीतीश ने सभी विधायकों को दिया निर्देश
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने सभी विधायकों को सोमवार को पटना पहुंचने का निर्देश दिया है। माना जा रहा है कि सोमवार शाम तक एनडीए विधायक दल की बैठक बुलाई जा सकती है, जिसमें नई सरकार के शपथ ग्रहण की तारीख और मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने वाले चेहरों पर चर्चा हो सकती है। सूत्रों के मुताबिक शपथ ग्रहण समारोह 18 से 20 नवंबर के बीच होने की प्रबल संभावना है, हालांकि आधिकारिक एलान अभी बाकी है। इस शपथ समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी भी लगभग तय मानी जा रही है। चुनावी सभाओं के दौरान पीएम मोदी ने स्वयं कहा था कि वे एनडीए सरकार के शपथ ग्रहण में शामिल होंगे।
नई सरकार के गठन का औपचारिक रास्ता पूरी तरह साफ
इधर, मौजूदा सरकार की आखिरी कैबिनेट बैठक भी सोमवार 17 नवंबर को होने जा रही है। इस बैठक में विधानसभा भंग करने की सिफारिश और मंत्रिपरिषद का राज्यपाल को सामूहिक इस्तीफा शामिल होने की संभावना है। कैबिनेट की मंजूरी के बाद नई सरकार के गठन का औपचारिक रास्ता पूरी तरह साफ हो जाएगा।
जदयू और बीजेपी के बीच संतुलन बनाने की कवायद
सरकार गठन को लेकर दिल्ली में भी हलचल बढ़ चुकी है। शनिवार की रात जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह दिल्ली पहुंचे, जहां उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और कई वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की। इससे पहले दोनों नेता पटना में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से भी विस्तृत बातचीत कर चुके हैं। इस मुलाकात को नए मंत्रिमंडल में जदयू और बीजेपी के बीच संतुलन और सत्ता-साझेदारी पर अंतिम बातचीत के रूप में देखा जा रहा है।
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एनडीए की ऐतिहासिक जीत के बाद सरकार गठन की प्रक्रिया अब अंतिम चरण में है। पटना और दिल्ली में जारी बैठकों से साफ है कि बिहार में नई सरकार का शपथ ग्रहण अब कुछ ही दिनों की दूरी पर है, और आने वाले 48 घंटे राजनीतिक दृष्टि से बेहद अहम होने वाले हैं।



