पटना: पिछले कुछ सालों में, बिहार सरकार ने राज्य में पर्यटन को बेहतर बनाने और पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए कई कदम उठाए हैं। इसी कड़ी में, पटना के जेपी गंगा पथ पर डबल डेकर बस सेवा की शुरुआत की गई है। यह बिहार में अपनी तरह की पहली बस सेवा है। इस बस का मुख्य उद्देश्य पटना आने वाले पर्यटकों को गंगा नदी के किनारे बसे ऐतिहासिक और धार्मिक स्थलों का एक नया और सुविधाजनक अनुभव देना है। बिहार के पर्यटन मंत्री राजू सिंह ने मंगलवार को जेपी गंगा पथ पर इस बस सेवा का उद्घाटन किया। बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम द्वारा संचालित यह बस सेवा पर्यटकों को गंगा नदी के किनारे बने ऐतिहासिक स्थलों का खूबसूरत नजारा देगी।
मुख्य जानकारी
- रूट: यह बस दीघा से पटना सिटी के कंगनघाट तक चलेगी।
- किराया: इस यात्रा का किराया प्रति व्यक्ति 100 रुपये तय किया गया है।
- उद्घाटन: यह सेवा मंगलवार को दीघा रोटरी के पास दोपहर 12:30 बजे शुरू हुई।
इस बस में यात्रा करने वाले लोग जेपी गंगा पथ से गंगा नदी, प्राचीन मस्जिदों, मंदिरों, गुरुद्वारों और अन्य ऐतिहासिक इमारतों को देख सकेंगे। बताया जा रहा है कि बस में एक गाइड भी मौजूद रहेगा जो यात्रियों को इन दर्शनीय स्थलों के बारे में जानकारी देगा। फिलहाल, पटना में एक ही डबल डेकर बस चलाई जाएगी। यदि यह सेवा सफल रही, तो भविष्य में ऐसी और भी बसें चलाई जा सकती हैं। यह पहल बिहार में पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
सेवा से होने वाले लाभ
- पर्यटन को बढ़ावा: बिहार सरकार का लक्ष्य है कि राज्य में घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय दोनों तरह के पर्यटकों की संख्या बढ़ाई जाए। यह बस सेवा इसी दिशा में एक नई और आकर्षक पहल है।
- जेपी गंगा पथ का उपयोग: जेपी गंगा पथ (गंगा एक्सप्रेसवे) पटना के सबसे सुंदर और आधुनिक मार्गों में से एक है। इस पथ को पर्यटन के लिए इस्तेमाल करने का यह एक नया तरीका है, जिससे लोग गंगा के खूबसूरत नजारों का लुत्फ उठा सकें।
- नया अनुभव: बिहार में अभी तक किसी भी रूट पर डबल डेकर बस सेवा नहीं थी। यह पर्यटकों के लिए एक बिल्कुल नया और रोमांचक अनुभव प्रदान करती है, जैसा कि दिल्ली, मुंबई जैसे बड़े शहरों में होता है।
- रोजगार और आर्थिक लाभ: पर्यटन गतिविधियों में वृद्धि से स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और राज्य की अर्थव्यवस्था को भी फायदा होगा।
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इस सेवा की सफलता के आधार पर सरकार भविष्य में ऐसी और भी बसें चलाने की योजना बना रही है, जिससे बिहार में पर्यटन को और गति मिल सके।



