नई दिल्ली: ग्रेटर नोएडा में अगले माह होने वाले विश्व कप फाइनल्स (World Cup Finals 2025) से पहले भारतीय मुक्केबाजी टीम (India Boxing Team) को बड़ा झटका लगा है। टोक्यो ओलंपिक की पदक विजेता मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन (Lovlina Borgohain) इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं लेंगी। विश्व कप फाइनल्स में प्रत्येक भार वर्ग में दुनिया के शीर्ष आठ मुक्केबाज ही उतरेंगे।
लवलीना का टूर्नामेंट से बाहर होना
लवलीना ने पहले इस टूर्नामेंट के लिए क्वालीफाई किया था और पदक की दावेदार मानी जा रही थीं। लेकिन नाक की बढ़ी हुई हड्डी के कारण उन्होंने सर्जरी कराने का फैसला किया है। उनकी अनुपस्थिति के चलते वह एनआईएस पटियाला में चल रहे तैयारी शिविर में भी शामिल नहीं हुईं।
भारतीय मुक्केबाजी महासंघ को लवलीना ने अपने विश्व कप फाइनल्स से हटने की जानकारी दे दी है। उनके भार वर्ग 75 किलो में अब पूर्व विश्व चैंपियन स्वीटी उतरेंगी और भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी।
महिला मुक्केबाजों की सूची
विश्व कप फाइनल्स में अन्य भारतीय महिला मुक्केबाज भी दमदार प्रदर्शन के लिए तैयार हैं। इनमें शामिल हैं:
- निकहत जरीन (51 किग्रा) – दो बार की विश्व चैंपियन
- जैस्मिन (57 किग्रा) – लिवरपूल में विश्व चैंपियन
- मीनाक्षी हुड्डा (48 किग्रा) – इसी चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक विजेता
- नुपुर श्योराण (+80 किग्रा) – रजत पदक विजेता
- पूजा रानी (80 किग्रा) – कांस्य पदक विजेता
ये सभी मुक्केबाज शीर्ष आठ में शामिल होकर विश्व कप फाइनल्स में देश का प्रतिनिधित्व करेंगी।
पुरुष वर्ग में भारत की तैयारी
पुरुष वर्ग में फिलहाल जदुमणि सिंह और अभिनाष जामवाल ने ही क्वालीफाई किया है। लेकिन मेजबान देश होने के नाते, भारत को पुरुष और महिला दोनों वर्गों के सभी 10-10 भार वर्गों में मुक्केबाज उतारने की अनुमति दी गई है। इस लिहाज से भारत एकमात्र देश होगा, जो हर भार वर्ग में प्रतियोगिता में उतरेगा।
हालांकि लवलीना की अनुपस्थिति भारतीय टीम के लिए एक झटका है, फिर भी टीम के पास अनुभवी और शीर्ष मुक्केबाजों का मजबूत दस्तावेज मौजूद है। विश्व कप फाइनल्स में भारत का लक्ष्य हर भार वर्ग में शानदार प्रदर्शन और पदक जीतना रहेगा। मेजबानी का लाभ और सभी वर्गों में मुक्केबाज उतारने का मौका, भारत के लिए उम्मीदों की नई किरण लेकर आया है।



