नई दिल्ली: देश आजादी के जश्न में डूबा हुआ है। दिल्ली-मुंबई सरीखे मेट्रो शहर हाें या छोटे शहर, गांव हों या कस्बे, हर जगह माहौल उत्साह का है। इसी उत्साह में देश की सेना और अर्द्धसैनिक बल अपनी संगीतमयी प्रस्तुतियों से देश की राजधानी में और भी चार चांद लगाएंगे। सशस्त्र बल बैंड, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) बैंड, रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) बैंड और राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) की ओर से अलग-अलग जगहों पर इसका आयोजन होगा।
79वें स्वतंत्रता दिवस पर इस बार पारंपरिक जगहों से आगे बढ़कर समारोह को यादगार बनाया जाएगा। इसमें इन बैंड्स की दिल्ली के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों, पार्कों तथा सांस्कृतिक केंद्रों पर प्रस्तुतियां होंगी। सशस्त्र बलों, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल, रेलवे सुरक्षा बल और एनसीसी द्वारा प्रस्तुत बैंड प्रदर्शन न केवल स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान का सम्मान करेंगे, बल्कि एकता तथा देशभक्ति की भावना को भी संचारित करेंगे। यह आनंदमय व उत्साहवर्धक संगीत भारत की विविध विरासत और उसके रक्षकों के अनुशासित समर्पण की याद दिलाता है।
यहां होंगे कार्यक्रम
इंडिया गेट पर भारतीय सेना बैंड, सेंट्रल पार्क कनॉट प्लेस पर भारतीय नौसेना बैंड, कर्तव्य पथ पर भारतीय वायुसेना बैंड, बुद्ध पार्क नोएडा पर भारतीय तटरक्षक, कुतुब मीनार पर राष्ट्रीय कैडेट कोर बैंड, विजय चौक पर केंद्रीय आरक्षित पुलिस बल बैंड, पुराना किला पर भारत तिब्बत सीम पुलिस बैंड, लाल किला पर केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल बैंड, केवी सेक्टर 8 आर के पुरम पर सशस्त्र सीमा बल बैंड, राष्ट्रीय पुलिस स्मारक पर सीमा सुरक्षा बल बैंड, निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल बैंड, नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल बैंड की प्रस्तुति होगी।
सैन्य बैंड की भूमिका और इतिहास
भारत में सैन्य बैंडों की शाखाएं औपनिवेशिक काल से जुड़ी हुई हैं। धीरे-धीरे यह राष्ट्रीय एकता एवं गौरव के प्रतीक के रूप में विकसित हो रही हैं। दशकों से थलसेना, नौसेना, वायुसेना और भारतीय तटरक्षक बल के बैंड राष्ट्रीय समारोहों, विजय कार्यक्रमों व महत्वपूर्ण अवसरों का अभिन्न अंग रहे हैं। उन्होंने प्रमुख सरकारी कार्यक्रमों, राजकीय यात्राओं एवं स्मृति समारोहों में अपनी प्रस्तुति दी है और उनका संगीत वीरता, बलिदान तथा शांति के प्रयासों से गूंजता रहा है। उनकी सटीकता, अनुशासन और संगीत कौशल उनके द्वारा दी जाने वाली सेवाओं के मूल सिद्धांतों का प्रतिनिधित्व करते हैं।
सीएपीएफ बैंड की अगुवाई
सीआरपीएफ, बीएसएफ, सीआईएसएफ व आईटीबीपी सहित भारत के विविध अर्धसैनिक एवं पुलिस बलों का प्रतिनिधित्व करने वाले सीएपीएफ बैंड ने परंपरा और आधुनिकता का अनूठा संगम करते हुए समारोहों में अपनी अनूठी छटा बिखेरी है। आरपीएफ बैंड रेलवे में सुरक्षा की भावना लाता है, जबकि एनसीसी, एक युवा शाखा के रूप में अपने बैंड प्रदर्शनों के माध्यम से देश के युवाओं में देशभक्ति का संचार करती है।
96 शहरों में बैंड प्रदर्शन
दिल्ली में होने वाले बैंड प्रदर्शन स्वतंत्रता दिवस समारोह को और भी बेहतर बनाने के राष्ट्रव्यापी प्रयास का हिस्सा हैं। बैंड प्रदर्शन देश भर के 28 राज्यों, 8 केंद्र शासित प्रदेशों और 96 शहरों में आयोजित किये जा रहे हैं।



