नई दिल्ली: दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनना और कार ड्राइव करते वक्त सीट बेल्ट लगाना बेहद जरुरी है। इसके बाद भी लोग यातायात नियमों की अनदेखी कर अपनी और अपने परिवार की जान जोखिम में डालते हैं। लोगों को जागरुक करने के मकसद से मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ‘हेलमेट पहनने के परिणाम’ (‘Helmet Wearing–Consequences’) अभियान शुरू किया है। इससे राजधानी दिल्ली में सड़क सुरक्षा को नई दिशा मिलेगी। इस मौके पर सीएम ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल एक व्यक्तिगत जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि सड़क सुरक्षा हम सबकी सामूहिक सामाजिक कर्तव्य है।
हेलमेट नहीं पहनने की छोटी सी लापरवाही से दुर्घटना में मौत हे रही
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कनॉट प्लेस से ‘हेलमेट पहनने के परिणाम’ (Helmet Wearing- Consequences) अभियान का आगाज करते हुए कहा कि यह मुहिम शुरू करने का मुख्य उद्देश्य दोपहिया वाहन चलाते वक्त हेलमेट पहनने के महत्व को प्रत्येक नागरिकों को समझाने के साथ ही यह बताना है कि हेलमेट नहीं पहनने की छोटी सी लापरवाही से सड़क दुर्घटना में लगातार मौत का आंकड़ा बढ़ रहा है।
सड़क सुरक्षा सामूहिक सामाजिक कर्तव्य है
सड़क सुरक्षा केवल एक आदमी की व्यक्तिगत जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामूहिक सामाजिक कर्तव्य है। वाहन चलाते वक्त Helmet पहनना भले ही एक छोटा-सा कदम है, लेकिन सड़क दुर्घटना के बाद यह जीवन बचाने में सबसे महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। जिसके लिए दिल्ली सरकार सड़क सुरक्षा नियमों को राजधानी में सख्ती से लागू करने के साथ-साथ जागरूकता फैलाने के लिए भी प्रयास करने में जुटी है। रेखा गुप्ता ने कहा कि हमारी ज़िंदगी केवल हमारी अपनी नहीं, बल्कि पूरे परिवार, समाज और राष्ट्र की भी जिंदगह है। इसलिए जिंदगी में हर किसी को कोई भी कदम बहुत सोच-समझकर ही उठाना चाहिए, ताकि उसका असर पूरे समाज के ऊपर पड़े।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सेना के जांबाज जवानों को देश के लिए बलिदान का अवसर मिलता है, लेकिन हम सभी नागरिकों को देश के लिए जीने का सुनहरा अवसर हर दिन मिलता है। रोजाना ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन करने, स्वच्छता बनाए रखने और अपने कर्तव्यों को निष्ठा के साथ निभाना ही सच्ची देशभक्ति है। हेलमेट पहनने की छोटी सी आदत और ट्रैफिक नियम का कड़ाई से पालन करना भी देशभक्ति का एक अहम हिस्सा है। उन्होंने कहा कि वाहन चलाते समय सड़क दुर्घटनाएं अचानक होती हैं, लेकिन दोपहिया वाहन चलाते वक्त सिर पर हेलमेट पहनना और उसका स्ट्रैप ठीक से बांधना हमेशा हमारे और आपके हाथ में ही होता है। सिर पर हेमलेट पहनने जैसी छोटी-सी आदत गंभीर सड़क दुर्घटना होने पर भी कई बार लोगों की जान बचा सकती है। आज दुनिया भर में लोग सड़क सुरक्षा, ट्रैफिक नियमों और स्वच्छता का कड़ाई से पालन कर रहे हैं, जो उनकी देशभक्ति का परिचायक भी है। भारत में भी हमें ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन, अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखने, पेड़ लगाने और सार्वजनिक स्थलों की साफ-सफाई और देखभाल जैसे कार्य को रोजाना की आदत बनाना चाहिए।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान को याद किया
मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान को याद करते हुए कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों ने आज़ादी दिलाने का जो काम पूरा किया। अब देश को संभालने और आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी हम सबकी सामुहिक जिम्मेदारी है। रेखा ने युवाओं से आह्वान किया कि वे सभी अपने आचरण से समाज के सामने ऐसे उदाहरण पे करें, जिनसे लोग उन्हें आदर्श मानें। आज़ादी की पूर्व संध्या पर सभी नागरिकों को यह प्रण लेना चाहिए कि वे कोई भी गलत काम नहीं करेंगे और सड़क सुरक्षा के लिए ट्रैफिक नियमों का पालन करने के साथ समाज और देशहित में ईमानदारी से काम करेंगे। मुख्यमंत्री ने राजधानी दिल्ली के सभी नागरिकों से संकल्प लेने की अपील करते हुए कहा कि आप सभी ईमानदारी, सड़क सुरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी के रास्ते पर चलेंगे, ताकि भारत को अनुशासन, स्वच्छता और सुरक्षा के क्षेत्र में एक आदर्श राष्ट्र के रूप में पूरी दुनिया में पहचान कायम हो सके।
परिवहन मंत्री डॉक्टर पंकज कुमार सिंह ने कहा कि सड़कों पर आपके जीवन की सुरक्षा सबसे पहले आपके अपने हाथों में ही है। हेलमेट पहनना, ट्रैफिक नियमों का पालन करना अपनी जिंदगी के साथ ही परिवार और रिश्तेदारों के प्रति जिम्मेदारी निभाने का सबसे बड़ा प्रमाण है। प्रत्येक नागरिकों को एक साथ मिलकर एक ऐसा वातावरण बनाना होगा, जिसमें हेलमेट पहनना और ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन करना स्वाभाविक रूप से रोजाना के व्यवहार में शामिल हो सके।



