पटना: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार बिहार कैबिनेट की बैठक में पटना में एक राज्य स्तरीय मॉडल लाइब्रेरी और हर विधानसभा क्षेत्र में डिजिटल लाइब्रेरी बनाने के एक प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। मुख्यमंत्री डिजिटल लाइब्रेरी योजना के लिए 94,50,47,000 रुपये बजट स्वीकृत किया गया है। पटना में राज्य स्तरीय मॉडल लाइब्रेरी में 60 कंप्यूटर और हाई-स्पीड इंटरनेट कनेक्टिविटी की सुविधा होगी। यह लाइब्रेरी छात्रों को आधुनिक डिजिटल संसाधनों के माध्यम से अध्ययन की सुविधा प्रदान करेगी।
हर विधानसभा में डिजिटल लाइब्रेरी
बिहार के सभी विधानसभा क्षेत्रों में डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी, जिसमें 50 कंप्यूटर और इंटरनेट कनेक्टिविटी रहेगी। यह योजना छात्रों को डिजिटल शिक्षा तक पहुंच सुनिश्चित करने और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में मददगार होगी। इसका मकसद डिजिटल माध्यम से शिक्षा को बढ़ावा देना और ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में शैक्षिक संसाधनों की उपलब्धता को समान करना है। इसके संचालन के लिए सुपरवाइजर और तकनीकी इंचार्ज की व्यवस्था की जाएगी।
हर डिजिटल लाइब्रेरी केंद्र में होगी यह सुविधा
हर डिजिटल लाइब्रेरी केंद्र में 10 कंप्यूटर टर्मिनल लगाए जाएंगे। विद्युत और हाई-स्पीड इंटरनेट कनेक्टिविटी होगी। इसका एरिया न्यूनतम 300 वर्ग फिट चाहिए होगा। इसके लिए पंचायत भवन, प्रखंड कार्यालय परिसर, नगर परिषद भवन, विकासन भवन, कम्यूनिटी लाइब्रेरी के अलावा जिन सरकारी स्कूल या कॉलेज परिसर में अतिरिक्त कक्ष उपलब्ध हो तो इसे स्थापित करने के लिए उपयोग किया जा सकता है।
पीरपैंती में अब लगेगी ताप विद्युत परियोजना
भागलपुर के पीरपैंती में बनने वाले सौर ऊर्जा प्लांट के स्थान पर अब ताप विद्युत परियोजना की स्थापना की जाएगी। बिहार राज्य पॉवर जेनरेशन कंपनी लिमिटेड को लीज पर उपलब्ध कराई गई भूमि को टैरिफ आधारित प्रतिस्पर्धी बोली की प्रक्रिया से न्यूनतम निविदादाता को निबंधन एवं मुद्रांक शुल्क की अदायगी पर इसे दिया जाएगा। लीज की समान शर्तों यानी एक रुपये सालाना सांकेतिक दर पर 33 सालों या बिजली आपूर्ति एकरारनामा अवधि (जो न्यूनतम होगी) की स्वीकृति प्रदान की जाएगी। यहां 800 मेगावाट क्षमता की 3 यूनिटें स्थापित की जाएगी।
औद्योगिक क्षेत्र के विस्तार के लिए जमीन अधिग्रहण
विभिन्न क्षेत्रों में औद्योगिक विस्तार देने के लिए जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। इसके तहत नालंदा के हरनौत एवं चंडी अंचल में संयुक्त रूप से 524.95 एकड़ जमीन, मुजफ्फरपुर के पारू, भोजपट्टी, हरपुर, विशुनपुर सरैया में कुल रकवा 700 एकड़ जमीन, सुपौल के सरायगढ़-भपटीयाही के सरायगढ़ मौजा एवं पिपरा के विशुनपुर मौजा के लिए 498.06 एकड़ जमीन, कटिहार के मनसाही अंचल में 252 एकड़ जमीन और औरंगाबाद के कुटुंबा अंचल के विभिन्न मौजा में 441 एकड़ जमीन का अधिग्रण किया जाएगा। ये सभी जमीन का अधिग्रहण आधारभूत संरचना विकास प्राधिकार के स्तर से किया जाएगा।
कैबिनेट में लिए गए अन्य महत्वपूर्ण फैसले
इस वर्ष विधानसभा चुनाव में राज्यभर में मौजूद 90 हजार 712 मतदाना केंद्रों पर प्रति मतदान केंद्र दो कैमरा स्थापित करने, वेबकास्टिंग करने समेत अन्य कार्यों के लिए 154 करोड़ 30 लाख रुपये की स्वीकृति दी गई है। राज्य की नगरपालिका क्षेत्रों में नए पेट्रोल पंप एवं सीएनजी स्टेशनों के निर्माण के लिए अब न्यूनतम भूखंड का आकार 20 मीटर लंबाई और 20 मीटर चौड़ाई की जरूरत है। बिहार परिवहन क्षेत्रीय आशुलिपिक संवर्ग (भर्ती, प्रोन्नति एवं सेवाशर्त) नियमावली-2025 को स्वीकृत किया गया है।
इसके तहत क्षेत्रीय आशुलिपिक संवर्ग के पदों पर नियुक्ति एवं प्रोन्नति की कार्रवाई की जाएगी। सार्वजनिक जन वितरण प्रणाली की दुकानों के लिए अब प्रत्येक सोमवार के अलावा 26 जनवरी, 15 अगस्त एवं 2 अक्टूबर के साथ-साथ छठ पूजा, दुर्गापूजा (नवमी एवं दशमी) और ईद के अवसर पर छुट्टी रहेगी। जमुई जिला में मैग्नेटाइट (लौह अयस्क) के मजोस एवं भंटा ब्लॉक की ई-नीलामी के लिए आरक्षित मूल्य की स्वीकृति दी गई है।



