नई दिल्ली: दिल्ली एनसीआर को जाम से राहत दिलाने वाले बारापुला फेज तीन एलिवेटेड कॉरिडोर को हरी झंडी मिल गई है। यह परियोजना पिछले 10 सालों से अटका हुआ था। कॉरिडोर पूरा जो जाने से मयूर विहार से एम्स तक का सफर महज 20 मिनट में पूरा जो जाएगा। इससे यात्रा तेज और सुगम हो जाएगी। दिल्ली सरकार का दावा है कि कॉरिडोर का 90 फीसदी काम पूरा हो गया है, जल्द ही बाकी काम भी पूरा कर लिया जाएगा।
बारापुरा फेज तीन पूर्वी दिल्ली के मयूर विहार को जोड़ेगा
बारापुला फेज तीन एलिवेटेड कॉरिडोर पूर्वी दिल्ली के मयूर विहार-1 को सीधे दक्षिण दिल्ली के एम्स से जोड़ेगा। यह कॉरिडोर परियोजना पिछले 10 सालों अटकी हुई है। सुप्रीम कोर्ट की ओर से गठित केंद्रीय सशक्तिकरण समिति (CEC) ने परियोजना को पूरा करने के लिए पेड़ों की कटाई की अनुमति दे दी है। सराय काले खां के पास मौजूद बारापुला फ्लाईओवर के अब जल्द पूरा होने का संभावना जताई जा रही है। यह 3.5 किमी लंबा कॉरिडोर सराय काले खां से मयूर विहार फेज-ढ्ढ को जोड़ेगा, जिससे NH-24, रिंग रोड, और DND फ्लाईवे पर ट्रैफिक जाम की समस्या में कमी आएगी। खास बात यह है कि NCRTC, रेलवे, ISBT, DMRC और दिल्ली–मुंबई एक्सप्रेसवे तक बेहतर पहुँच आसान होगी साथ ही पर्यावरण के लिए भी लाभकारी होगी। इससे प्रतिदिन लगभग 2 टन CO₂ उत्सर्जन कम होगा, जो 30,000 पेड़ों के अवशोषण के बराबर है।
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साइकिल ट्रैक और फुटपाथ का भी होगा निर्माण
परियोजना में साइकिल ट्रैक और फुटपाथ जैसे गैर-मोटराइज्ड ढांचे भी शामिल हैं, जो दिल्ली को हरित और सुरक्षित शहर बनाने की दिशा में एक कदम है। लोक निर्माण विभाग के मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने कहा, एक वर्ष के भीतर यह कॉरिडोर जनता के लिए तैयार होगा। पेड़ों की सुरक्षा के लिए विशेष उपाय किए हैं, और यमुना बाढ़ क्षेत्र को भी संरक्षित किया जाएगा। विभाग अब तुरंत वन विभाग की देखरेख में पेड़ों की छंटाई और प्रत्यारोपण कार्य प्रारंभ करेगा तथा मुख्य कैरिजवे, लूप और गैर-मोटराइज्ड ढांचे को पूरा करेगा। परियोजना की प्रगति से संबंधित नियमित अपडेट जारी किए जाएंगे, ताकि दिल्ली धीरे-धीरे एक स्वच्छ, सुरक्षित और सुगम शहरी यातायात व्यवस्था की ओर आगे बढ़ सके।



