नई दिल्ली: विश्व पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप (World Para Athletics Championship) के दूसरे दिन कई एथलीट्स ने दमदार प्रदर्शन कर नए कीर्तिमान बनाए। बुल्गारिया के रुझदी (Ruzhdi) ने मेंस गोला फेंक एफ55 स्पर्धा में विश्व रिकॉर्ड तोड़ते हुए लगातार छठा स्वर्ण पदक (Gold Medal) हासिल किया।
रुझदी का छठा स्वर्ण और विश्व रिकॉर्ड
बुल्गारिया के 34 वर्षीय रुझदी ने अपने अंतिम और छठे प्रयास में 12.94 मीटर की दूरी तय कर नया विश्व रिकॉर्ड बनाया। इससे पहले 2023 में पेरिस में आयोजित विश्व चैंपियनशिप में उन्होंने 12.68 मीटर का रिकॉर्ड अपने नाम किया था।
- यह लगातार छठा मौका है जब उन्होंने विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीता।
- यह तीसरी बार है जब उन्होंने खिताब जीतते हुए विश्व रिकॉर्ड भी तोड़ा।
- एक कार दुर्घटना के बाद रुझदी व्हीलचेयर पर हैं और निचले अंग काम नहीं करते, लेकिन इसके बावजूद उनका प्रदर्शन अद्भुत प्रेरणा देता है।
अन्य पदक विजेता
इस स्पर्धा में सर्बिया के नेबोसा ड्यूरिक ने 12.52 मीटर के निजी सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ रजत पदक जीता। वहीं स्कॉटलैंड के लेच स्टोल्टमैन ने 12.02 मीटर के प्रदर्शन के साथ कांस्य पर कब्जा किया।
सुबह के सत्र में बने तीन नए रिकॉर्ड
प्रतियोगिता के दूसरे दिन का सुबह का सत्र बेहद खास रहा, जहां तीन नए विश्व रिकॉर्ड दर्ज हुए।
- मलेशिया के अब्दुल लतीफ रोमली ने पुरुष लंबी कूद टी20 स्पर्धा में 7.67 मीटर की छलांग लगाकर स्वर्ण पदक की हैट्रिक पूरी की।
- यूक्रेन के वोलोदिमिर पोनोमरेंको ने पुरुष गोला फेंक टी12 में 17.39 मीटर का नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया और खिताब अपने नाम किया।
- अल्जीरिया की नसीमा सैफी ने महिला चक्का फेंक एफ 57 स्पर्धा में 34.54 मीटर का थ्रो कर लगातार छठा स्वर्ण जीतकर दोहरी हैट्रिक बनाई।
रोमली और नसीमा का दबदबा
रोमली अब तक विश्व चैंपियनशिप में पांच स्वर्ण और एक रजत पदक जीत चुके हैं। केवल 2019 दुबई चैंपियनशिप में उन्हें शिकस्त झेलनी पड़ी थी। नसीमा सैफी के पांचों वैध थ्रो 32 मीटर से अधिक रहे, जिससे उनका दबदबा साफ झलकता है। चीन की टियान यूशिन 30.30 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के बावजूद केवल रजत पदक ही जीत सकीं।
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स्विट्जरलैंड की कैथरीन डिब्रनर की जीत
महिला 5000 मीटर टी 54 स्पर्धा में स्विट्जरलैंड की कैथरीन डिब्रनर ने 12 मिनट 18.29 सेकंड का समय लेकर स्वर्ण पदक जीता। उन्होंने चीन की गत चैंपियन टियान याजुआन और अपनी साथी पेट्रीसिया इचस को पछाड़ दिया।
विश्व पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप का यह चरण कई प्रेरणादायक कहानियों से भरा रहा। रुझदी का छठा स्वर्ण, रोमली और नसीमा का दबदबा तथा अन्य खिलाड़ियों के रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन ने यह साबित कर दिया कि सीमाएं केवल शारीरिक नहीं, बल्कि मानसिक होती हैं। जज़्बा और मेहनत से हर बाधा पार की जा सकती है।



