नई दिल्ली: देश की स्टार बॉक्सर जैस्मिन लेंबोरिया (Jaismine Lamboria) ने वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप 2025 (World Boxing Championship 2025) में शानदार प्रदर्शन करते हुए 57 किग्रा भार वर्ग में स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस जीत के साथ ही भारत को इस प्रतियोगिता का पहला गोल्ड मेडल (Gold Medal) मिला। उनकी सफलता ने पूरे देश को गर्व से भर दिया है।
पोलैंड की जूलिया पर जीत
फाइनल में जैस्मिन का मुकाबला पोलैंड की जूलिया सेरेमेटा (Julia Szeremeta) से हुआ। यह मुकाबला बेहद रोमांचक रहा। शुरुआती राउंड में जैस्मिन पिछड़ गई थीं, लेकिन दूसरे राउंड में उन्होंने शानदार वापसी करते हुए विपक्षी पर दबाव बनाया। अंततः उन्होंने 4-1 के स्प्लिट निर्णय से मैच जीतकर स्वर्ण पदक पक्का किया।
ओलंपिक निराशा के बाद कमाल
जैस्मिन की जीत खास इसलिए भी मानी जा रही है क्योंकि पेरिस ओलंपिक्स 2024 (Paris Olympics 2024) में उनका प्रदर्शन निराशाजनक रहा था। वह शुरुआती दौर में ही बाहर हो गई थीं। उस हार से मिली सीख ने उन्हें और मजबूत बनाया और अब उन्होंने वर्ल्ड चैंपियनशिप में गोल्ड जीतकर आलोचकों को करारा जवाब दिया है। मैच के बाद जैस्मिन ने कहा कि उन्होंने हार से हिम्मत पाई और इस जीत को देश को समर्पित करती हैं।
पूजा रानी को मिला ब्रॉन्ज
जहां जैस्मिन ने गोल्ड जीतकर इतिहास रचा, वहीं भारत की एक और बॉक्सर पूजा रानी सेमीफाइनल में हारकर बाहर हो गईं। 80 किग्रा कैटेगरी में उन्हें एमिली एस्क्विथ के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा। इस वजह से पूजा को ब्रॉन्ज मेडल से संतोष करना पड़ा। हालांकि, उनका प्रदर्शन भी सराहनीय रहा और भारत की पदक तालिका में उन्होंने योगदान दिया।
भारतीय बॉक्सिंग का बढ़ता कद
जैस्मिन की जीत ने यह साफ कर दिया है कि भारतीय बॉक्सिंग अब वैश्विक मंच पर मजबूती से अपनी मौजूदगी दर्ज करा रही है। पहले राउंड की मुश्किल परिस्थितियों के बावजूद जैस्मिन ने जिस तरह वापसी की, वह उनकी मानसिक ताकत और खेल पर पकड़ को दर्शाता है। उनकी जीत ने आने वाले समय में भारत की नई पीढ़ी के बॉक्सर को प्रेरित करने का काम किया है।
वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप 2025 भारत के लिए ऐतिहासिक साबित हुई। जैस्मिन लेंबोरिया ने गोल्ड जीतकर देश का मान बढ़ाया, वहीं पूजा रानी ने ब्रॉन्ज दिलाकर पदक तालिका में इजाफा किया। यह सफलता भारत की महिला खिलाड़ियों की मेहनत और संघर्ष का प्रमाण है। आने वाले वर्षों में इस जीत से भारतीय बॉक्सिंग को नई ऊंचाइयां मिलने की उम्मीद है।



