नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम में रवींद्र जडेजा (Ravindra Jadeja) का नाम आते ही सबसे पहले उनके गेंदबाजी के आंकड़े याद आते हैं। बाएं हाथ के इस स्पिनर ने कई मौकों पर भारत को अपनी धारदार गेंदबाजी से जीत दिलाई है। लेकिन जडेजा (Indian all-rounder) का करियर सिर्फ गेंद तक सीमित नहीं रहा, उनका बल्ला भी उतना ही खतरनाक साबित हुआ है। इंग्लैंड (England Test Series) के खिलाफ हाल ही में उनका प्रदर्शन इसका ताजा उदाहरण है, जब उन्होंने कई पारियों में भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
तिहरे शतक वाली पारी
जडेजा (Ravindra Jadeja) की बल्लेबाजी का सबसे यादगार क्षण घरेलू क्रिकेट में आया था। साल 2012 में रणजी ट्रॉफी (Ranji Trophy 2012) में सौराष्ट्र (Saurashtra Cricket) की ओर से रेलवे के खिलाफ खेलते हुए उन्होंने चौथे नंबर पर उतरकर 501 गेंदों का सामना किया और 331 रनों की पारी खेल डाली। इस दौरान उनके बल्ले से 29 चौके और 7 छक्के निकले। टीम ने उस पारी में कुल 579 रन बनाए, जिसमें अकेले जडेजा का योगदान 331 रन रहा। भले ही मुकाबला ड्रॉ पर खत्म हुआ हो, लेकिन उनकी इस बल्लेबाजी (Jadeja Batting Record) ने उन्हें नए स्तर पर स्थापित किया और यह जता दिया कि वह सिर्फ गेंदबाज ही नहीं, बल्कि भरोसेमंद बल्लेबाज भी हैं।
घरेलू क्रिकेट में जडेजा का दबदबा
घरेलू स्तर पर जडेजा ने हमेशा अपनी उपयोगिता साबित की है। प्रथम श्रेणी क्रिकेट में अब तक खेले गए 114 मैचों में उन्होंने 6652 रन बनाए हैं। इसमें 15 शतक और 33 अर्धशतक शामिल हैं, जो किसी भी बल्लेबाज के लिए बेहतरीन आंकड़े हैं। वहीं गेंदबाजी में भी वह पीछे नहीं रहे। उन्होंने 29 की औसत से 483 विकेट लिए, जिसमें 27 बार पांच विकेट और 4 बार दस विकेट लेने का बड़ा कारनामा शामिल है। ऐसे आंकड़े उन्हें एक संपूर्ण खिलाड़ी बनाते हैं।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर योगदान
रवींद्र जडेजा (Ravindra Jadeja) ने साल 2012 में इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट डेब्यू किया। उसके बाद से वह भारत के लिए 84 टेस्ट खेल चुके हैं। इन मैचों में उन्होंने 3781 रन बनाए, जिनमें 4 शतक और 37 अर्धशतक शामिल हैं। उनका बल्लेबाजी औसत 37 से अधिक है, जो एक ऑलराउंडर के लिए शानदार माना जाता है। गेंदबाजी में भी जडेजा ने 330 विकेट झटके हैं। उनका सर्वश्रेष्ठ आंकड़ा 42 रन देकर 7 विकेट का है। इसके अलावा, उन्होंने 12 बार पांच विकेट और एक बार दस विकेट लेने का कमाल किया है।
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इंग्लैंड के खिलाफ हालिया फॉर्म
हाल ही की इंग्लैंड सीरीज (England Series) में जडेजा ने एक बार फिर अपने बल्ले से कमाल दिखाया। पांच मैचों में उन्होंने 516 रन बनाए। उनका औसत 86 से अधिक रहा और स्ट्राइक रेट करीब 55 का रहा। इस दौरान उन्होंने एक शतक और पांच अर्धशतक जड़े। गेंदबाजी में भी उन्होंने 7 विकेट चटकाए और अपनी टीम को मजबूत किया।
रवींद्र जडेजा (Ravindra Jadeja) का करियर इस बात का उदाहरण है कि किसी भी खिलाड़ी को सिर्फ एक आयाम से नहीं आंका जा सकता। वह गेंदबाजी से मैच जिताते हैं, लेकिन बल्लेबाजी से भी संकटमोचक की भूमिका निभाते हैं। घरेलू क्रिकेट (Jadeja Domestic Cricket Performance) में तिहरा शतक और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार प्रदर्शन ने उन्हें भारत का नंबर वन ऑलराउंडर बना दिया है। आने वाले समय में उनसे टीम को और भी बड़ी उम्मीदें होंगी।



