नालंदा: बिहार में विधानसभा चुनाव की तैयारियां जोरो पर हैं। इस बीच सीएम नीतीश कुमार एक दिवसीय दौरे पर नालंदा पहुंचे, जहां उन्होंने अपने खिसकने जनाधार को बचाने के लिए हिलसा के राम बाबू हाई स्कूल में जीविका दीदी, आशा कार्यकर्ता व जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं के साथ किए जन संवाद कार्यक्रम के दौरान अपने योजनाओं का बखान किया। इसके बाद एकंगरसराय में रोड-शो, इस्लामपुर में जनसभा को संबोधित करने के बाद नालंदा के नीरपुर गांव में लोगों से संवाद के बाद राजगीर में बने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का भी उद्घाटन कर 87 खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र के साथ सम्मान राशि दिए। इसके बाद राजगीर के अंतर्राष्ट्रीय कॉवेंशन सेंटर में जनसंवाद किया।
जद(यू) विधायक का स्थानीय लोगों ने किया विरोध
मुख्यमंत्री नीतीश जब अपने गृह जिले से राजगीर पहुंचे तो वहां उनको अपनी पार्टी जद(यू) विधायक कौशल किशोर के विरोध का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों ने नीतीश कुमार जिंदाबाद और विधायक वापस जाओ के नारे लगाए गए। इस दौरान महिलाएं हाथ में विधायक वापस जाओ की तख्ती, झाड़ू, और डंडा लेकर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कार्यक्रम समाप्त होते ही बाहर निकले। उसी दौरान सड़क पर दर्जनों महिला और पुरुष उतर गए और मुख्यमंत्री जिंदाबाद कौशल किशोर वापस जाओ का नारा लगाने लगे।
विधायक किसी ने मिलते नहीं
जदयू दलित प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष बादल भारती ने बताया कि कौशल किशोर राजगीर के विधायक हैं। मगर किसी भी व्यक्ति से उनका संबंध बढ़िया नहीं है। ना ही किसी व्यक्ति से मिलते हैं और ना ही किसी का काम करते हैं, इसलिए हम लोग बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मांग कर रहे हैं। इस बार राजगीर का प्रत्याशी को बदला जाए, ताकि राजगीर में विकास और जनता का काम हो सके। कौशल किशोर के पिता सत्यदेव नारायण आर्य भाजपा के टिकट पर सात बार राजगीर के विधायक रह चुके हैं। अभी वह राज्यपाल हैं। इसी बीच पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान कौशल किशोर जदयू में शामिल हुए और पार्टी ने उन्हें टिकट देकर राजगीर से चुनाव लड़ाया और पूर्व विधायक रवि ज्योति को हराकर वह विधायक बन गए। मगर क्षेत्र की जनता का आरोप है, कि उनके द्वारा राजगीर में कोई भी काम नहीं किया गया है. इसलिए इस बार किसी ऐसे व्यक्ति को टिकट दे जो चुनाव जीत कर जनता की सेवा करे।



