नई दिल्ली। सर्दियों के मौसम में शरीर में सूखापन, पाचन की सुस्ती और बालों का झड़ना आम समस्याएं बन जाती हैं। ऐसे में अलीव बीज (हलीम या गार्डन क्रेस सीड्स) का पानी एक पारंपरिक और कारगर घरेलू उपाय के रूप में सामने आता है। विशेषज्ञों के अनुसार, अलीव बीजों को रातभर पानी में भिगोकर पीने से इनके पोषक तत्व बेहतर तरीके से शरीर में अवशोषित होते हैं, जिससे बालों की मजबूती और समग्र स्वास्थ्य को लाभ मिलता है।
भारतीय घरों में पीढ़ियों से हलीम बीजों को खासतौर पर सर्दियों में भिगोकर इस्तेमाल किया जाता रहा है। भिगोने की प्रक्रिया बीजों की बाहरी कठोर परत को नरम कर देती है और उनमें मौजूद आयरन, प्रोटीन और आवश्यक फैटी एसिड को सक्रिय करती है। इससे ये बीज पचाने में आसान हो जाते हैं और शरीर पर अतिरिक्त बोझ भी नहीं डालते।
पोषण विशेषज्ञों के मुताबिक, जब हलीम बीज पानी सोखते हैं तो उनमें जेल जैसी परत बन जाती है, जो पाचन की प्रक्रिया को धीमा करती है। इससे पोषक तत्व धीरे-धीरे शरीर में पहुंचते हैं और बालों की जड़ों को लंबे समय तक पोषण मिलता है। इनमें मौजूद प्रोटीन बालों की संरचना को मजबूत करता है, जबकि आयरन स्कैल्प तक ऑक्सीजन पहुंचाने में मदद करता है।
सुबह खाली पेट अलीव बीज के साथ उसका पानी पीने से शरीर को हल्की हाइड्रेशन मिलती है, जो सर्दियों में खास तौर पर जरूरी होती है। यह आदत न केवल बालों की सेहत के लिए बल्कि पाचन तंत्र को दुरुस्त रखने में भी सहायक मानी जाती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अलीव बीज का पानी एक सरल लेकिन असरदार मौसमी आदत है, जिसे नियमित और संतुलित मात्रा में अपनाने से पूरे साल बालों और शरीर को पोषण मिल सकता है।



