पुणे डेस्क: 17 करोड़ की आलीशान शादी की तैयारियां… उदयपुर का पैलेस बुक… और चारों तरफ खुशियों का माहौल। लेकिन किसे पता था कि जिसे अग्रवाल परिवार अपनी होने वाली बहू मान रहा था, वही उनके इकलौते बेटे के लिए ‘मौत का जाल’ बुन रही थी। लोनावला के लोहगढ़ किले से गिरकर हुई बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की मौत कोई हादसा नहीं, बल्कि एक सोची-समझी हत्या थी। इस हाई-प्रोफाइल मामले ने एक बार फिर देश को झकझोर देने वाले ‘राजा रघुवंशी’ हत्याकांड की खौफनाक यादें ताजा कर दी हैं।
हादसे की आड़ में रची गई खूनी स्क्रिप्ट
बीते 18 जून को पिंपरी-चिंचवड़ के नामी रियल एस्टेट डेवलपर के 26 वर्षीय बेटे केतन अग्रवाल की लोहगढ़ किले की 400 फीट गहरी खाई में गिरने से मौत हो गई थी। मौके पर मौजूद मंगेतर सिया गोयल ने इसे ‘सेल्फी लेते वक्त पैर फिसलने’ की कहानी का रूप दिया। केतन एक प्रोफेशनल ट्रैकर था, इसलिए पुलिस और परिवार को इस थ्योरी पर पहले दिन से शक था।
जब पुणे ग्रामीण पुलिस ने टेक्निकल सर्विलांस और कॉल डिटेल्स खंगाली, तो पूरी कहानी पलट गई।
बर्थडे का बहाना और 400 फीट गहरी खाई
पुलिस तफ्तीश में सामने आया कि सिया गोयल का कोंढवा निवासी चेतन चौधरी के साथ पिछले काफी समय से अफेयर चल रहा था। सिया इस शादी से बचना चाहती थी और केतन को रास्ते से हटाना चाहती थी।
- पहला प्लान फ्लॉप: दोनों ने 14 जून को भी केतन पर हमले की कोशिश की थी, लेकिन कामयाबी नहीं मिली।
- बर्थडे की आड़ में साजिश: 18 जून को सिया ने अपने जन्मदिन का बहाना बनाकर केतन को लोहगढ़ किले पर बुलाया। वहां पहले से घात लगाकर बैठा उसका प्रेमी चेतन भी पहुंच गया। सुनसान मौका देखकर दोनों ने केतन को बेरहमी से खाई में धकेल दिया।
नवंबर में होनी थी डेस्टिनेशन वेडिंग
अग्रवाल परिवार इस साल नवंबर में राजस्थान के जयपुर में एक भव्य डेस्टिनेशन वेडिंग की तैयारी कर रहा था, जिसमें करोड़ों रुपये पानी की तरह बहाए जा रहे थे। लेकिन सिया के इस कदम ने पूरे परिवार की दुनिया उजाड़ दी। केतन के पिता विशाल अग्रवाल ने आरोपियों के लिए फांसी की सजा की मांग की है।
लोनावला पुलिस ने आरोपी मंगेतर सिया और उसके प्रेमी चेतन को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मर्डर और साजिश रचने का मुकदमा दर्ज किया गया है।



