स्वाद का सरताज बना ‘सिम्बायोसिस पुणे’: नेशनल यंग शेफ प्रतियोगिता में मारी बाजी

भारतीय व्यंजनों की खुशबू और युवाओं के हुनर का संगम नई दिल्ली के प्रतिष्ठित आईएचएम पूसा में देखने को मिला। अवसर था 'पीएचडीसीसीआई राष्ट्रीय युवा शेफ प्रतियोगिता 2025-26' के ग्रैंड फिनाले का, जहाँ पुणे के सिम्बायोसिस स्कूल ऑफ कलिनरी आर्ट्स ने अपनी पाक कला का लोहा मनवाते हुए खिताब अपने नाम किया।

Share This Article:

नई दिल्ली। भारतीय व्यंजनों की खुशबू और युवाओं के हुनर का संगम नई दिल्ली के प्रतिष्ठित आईएचएम (IHM) पूसा में देखने को मिला। अवसर था ‘पीएचडीसीसीआई (PHDCCI) राष्ट्रीय युवा शेफ प्रतियोगिता 2025-26’ के ग्रैंड फिनाले का, जहाँ पुणे के सिम्बायोसिस स्कूल ऑफ कलिनरी आर्ट्स ने अपनी पाक कला का लोहा मनवाते हुए खिताब अपने नाम किया।

देश के शीर्ष 10 संस्थानों के बीच महामुकाबला
छह महीने तक चली इस राष्ट्रव्यापी खोज के बाद फाइनल में देश के चारों कोनों से 10 प्रमुख आतिथ्य संस्थानों ने हिस्सा लिया। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच:

विजेता: सिम्बायोसिस स्कूल ऑफ कलिनरी आर्ट्स, पुणे।

प्रथम उपविजेता: महाराष्ट्र स्टेट आईएचएमसीटी, पुणे।

द्वितीय उपविजेता: आईएचएम पूसा, नई दिल्ली।

विशेष पुरस्कार: सर्वश्रेष्ठ ‘भाजा’ व्यंजन के लिए कोल्हापुर के शेफ्स किचन इंस्टीट्यूट को सम्मानित किया गया।

भारतीय व्यंजन: पर्यटन और संस्कृति का आधार
मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि भारतीय व्यंजन हमारी सबसे सशक्त सांस्कृतिक धरोहर हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, “आज के युवा शेफ केवल खाना नहीं बना रहे, बल्कि वे हमारी सदियों पुरानी विविधता और ज्ञान के वाहक हैं। तेजी से बदलते शहरीकरण के दौर में हमारे शेफ पारंपरिक स्वाद को आधुनिक और पौष्टिक रूप देकर दुनिया को नई दिशा दिखा सकते हैं।”

ढाई घंटे की कड़ी अग्निपरीक्षा
ग्रैंड फिनाले में एक विशेष लाइव कुकिंग राउंड आयोजित किया गया। प्रतिभागियों के पास केवल ढाई घंटे का समय था, जिसमें उन्हें एक पूर्ण पारंपरिक भोजन (भाजा, मुख्य व्यंजन, सब्जी, दाल, दही, रोटी/चावल और मिठाई) तैयार करना था। प्रसिद्ध वर्ल्डशेफ जज शेफ अनिल ग्रोवर की अध्यक्षता वाली जूरी ने स्वाद, तकनीक, प्रामाणिकता और प्रस्तुति के आधार पर विजेताओं का चयन किया।

उद्योग और सरकार का अनूठा संगम
पीएचडीसीसीआई द्वारा पर्यटन मंत्रालय, इंडियन फेडरेशन ऑफ कलिनरी एसोसिएशंस (IFCA) और टीएचएससी (THSC) के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं के भीतर भारतीय पाक कला के प्रति गौरव जगाना था। आईएफसीए के अध्यक्ष शेफ मनजीत गिल ने कहा कि भारतीय पाक कला केवल रेसिपी नहीं, बल्कि एक दर्शन है जिसे युवा शेफ अपनी रचनात्मकता से नया विस्तार दे रहे हैं।

यह प्रतियोगिता आने वाले समय में एक स्थाई राष्ट्रीय मंच के रूप में विकसित होगी, जिससे उभरते हुए शेफ्स को वैश्विक पहचान और उद्योग के साथ जुड़ने का अवसर मिलेगा।

Samiksha Mishra

samiksha.mishra1222@gmail.com

मैं कॉपीराइटर हूँ, जिसे कंटेंट के ज़रिए कहानियाँ गढ़ने और ब्रांड्स की आवाज को मजबूती देने का तीन वर्षों का पेशेवर अनुभव है। शब्दों की सटीकता, रचनात्मकता और पाठकों से जुड़ाव, यही मेरी लेखनी की पहचान है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

न्यूज़लेटर के लिए सब्सक्राइब करें

कैटेगरीज़

हम वह खबरची हैं, जो खबरों के साथ खबरों की भी खबर रखते हैं। हम NewG हैं, जहां खबर बिना शोरगुल के है। यहां news, without noise लिखी-कही जाती है। विचार हममें भरपूर है, लेकिन विचारधारा से कोई खास इत्तेफाक नहीं। बात हम वही करते हैं, जो सही है। जो सत्य से परामुख है, वह हमें स्वीकार नहीं। यही हमारा अनुशासन है, साधन और साध्य भी। अंगद पांव इसी पर जमा रखे हैं। डिगना एकदम भी गवारा नहीं। ब्रीफ में यही हमारा about us है।

©2025 NewG India. All rights reserved.