नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ व्यापार करने वाले देशों पर 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ लगाने का ऐलान किया है। ट्रंप ने सोमवार रात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर कहा कि यह फैसला तत्काल प्रभाव से लागू होगा।
ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शन तेज
हालांकि, व्हाइट हाउस की ओर से अब तक इस टैरिफ से जुड़ा कोई आधिकारिक आदेश या अधिसूचना जारी नहीं की गई है। यह निर्णय ऐसे समय लिया गया है जब ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शन तेज हैं। रिपोर्टों के अनुसार इन प्रदर्शनों में अब तक 600 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।
रियाल की कीमत शून्य के बराबर
इस बीच ईरान की अर्थव्यवस्था भी गंभीर संकट में है। ईरानी मुद्रा रियाल की कीमत लगभग शून्य के बराबर पहुंच चुकी है। भारतीय मुद्रा में एक ईरानी रियाल की कीमत मात्र 0.000079 रुपये रह गई है।
भारत प्रमुख देशों में शामिल
अमेरिका पहले ही ईरान पर कड़े आर्थिक प्रतिबंध लगा चुका है। समाचार एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक ईरान के साथ व्यापार करने वाले प्रमुख देशों में चीन, संयुक्त अरब अमीरात और भारत शामिल हैं। यदि यह नया टैरिफ लागू होता है तो इन देशों के अमेरिका के साथ व्यापार पर सीधा असर पड़ सकता है।
भारत के लिए बुरी खबर
भारत की बात करें तो उस पर अमेरिका पहले से ही कुल 50 प्रतिशत टैरिफ लागू है, जिसमें 25 प्रतिशत रेसिप्रोकल टैरिफ और 25 प्रतिशत रूस से तेल आयात को लेकर लगाया गया शुल्क शामिल है। यदि ईरान से व्यापार को लेकर भारत पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत टैरिफ लगाया जाता है, तो कुल शुल्क बढ़कर 75 प्रतिशत तक पहुंच सकता है।
ट्रेड को लेकर चर्चा तेज
विशेषज्ञों का कहना है कि बढ़ते टैरिफ के कारण भारत को अमेरिकी बाजार में अपने उत्पादों के निर्यात में पहले से ही कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, जिसका सीधा असर निर्यात पर पड़ा है। टैरिफ विवाद को सुलझाने के लिए भारत और अमेरिका के बीच आज ट्रेड डील को लेकर बातचीत प्रस्तावित है।



