अमेरिका। अमेरिका की एयरस्ट्राइक के बाद ईरान ने रविवार को मिडिल-ईस्ट में जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी। ईरान ने जॉर्डन, कुवैत, बहरीन, कतर, UAE और ओमान में अमेरिकी सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाते हुए मिसाइल और ड्रोन हमले किए। इससे पहले अमेरिका ने ईरान के करीब 140 सैन्य ठिकानों पर बमबारी की थी। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, यह कार्रवाई होर्मुज स्ट्रेट में साइप्रस के झंडे वाले कंटेनर जहाज पर हुए हमले के जवाब में की गई थी। इस हमले में जहाज में आग लग गई, इंजन क्षतिग्रस्त हो गया और चालक दल का एक सदस्य लापता हो गया।
अमेरिकी ठिकानों को बना
जॉर्डन: प्रिंस हसन एयरबेस
कुवैत: अमेरिकी पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम और रडार साइट
बहरीन: अमेरिकी सैन्य संचार केंद्र
कतर और UAE: मिसाइल और ड्रोन हमले
होर्मुज स्ट्रेट बंद करने का ऐलान
ईरान ने अगले आदेश तक होर्मुज स्ट्रेट बंद करने की घोषणा की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि हालात नहीं बदले तो आगे भी सैन्य कार्रवाई जारी रहेगी।
नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई का पहला बयान
अली खामेनेई के निधन के बाद पहली बार नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई का बयान सामने आया। उन्होंने कहा कि अपने पिता और युद्ध में मारे गए लोगों के खून का बदला लिया जाएगा।
CNN का दावा: ईरान फिर बना रहा परमाणु ठिकाने
CNN ने सैटेलाइट तस्वीरों के आधार पर दावा किया है कि ईरान पारचिन समेत कुछ परमाणु ठिकानों की मरम्मत और दोबारा निर्माण कर रहा है। रिपोर्ट में इसे अमेरिका-ईरान समझौते (MoU) के संभावित उल्लंघन से जोड़ा गया है।
ईरान का आरोप: अमेरिका समझौता तोड़ रहा
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि अमेरिका स्वयं MoU का उल्लंघन कर रहा है। उन्होंने कहा कि समझौता तभी प्रभावी रहेगा, जब दोनों पक्ष उसकी शर्तों का पालन करेंगे।
ट्रम्प की कड़ी चेतावनी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि यदि ईरान ने उनकी हत्या की कोशिश की, तो अमेरिका हजारों मिसाइलों से जवाब देगा। उन्होंने दावा किया कि जवाबी कार्रवाई के आदेश पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
ईरान बार-बार जहाजों को क्यों बना रहा निशाना?होर्मुज स्ट्रेट पर नियंत्रण बनाए रखना
ईरान चाहता है कि सभी जहाज उसके तय समुद्री मार्ग से गुजरें और उसकी ट्रांजिट अथॉरिटी में पंजीकरण कराएं। इससे उसे भविष्य में नियंत्रण और शुल्क वसूलने का अधिकार मिल सकता है।
ओमान ने अपने तट के पास नया समुद्री मार्ग शुरू किया है, जिससे जहाज ईरान के नियंत्रण वाले रूट से बच सकते हैं। ईरान को आशंका है कि इससे होर्मुज पर उसकी पकड़ कमजोर होगी।
ईरान का मानना है कि अमेरिका क्षेत्र में उसकी ताकत कम करने और होर्मुज स्ट्रेट पर प्रभाव बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। इसलिए वह समुद्री मार्गों पर दबाव बनाकर जवाब देना चाहता है।
भारत ने जहाज पर हमले की निंदा की
भारत ने ओमान तट के पास व्यापारी जहाज GFS Galaxy पर हुए हमले की कड़ी निंदा की है। विदेश मंत्रालय (MEA) के अनुसार, जहाज पर सवार 11 भारतीयों में से 10 को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि एक अब भी लापता है। MEA ने बताया कि मस्कट स्थित भारतीय दूतावास ओमान सरकार के साथ मिलकर राहत और खोज अभियान पर नजर बनाए हुए है। भारत ने नागरिक जहाजों पर हमले रोकने, क्षेत्र में तनाव कम करने, जल्द शांति बहाल करने और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने की अपील की है।



