नई दिल्ली। दिल्ली विधानसभा में आज एक विशेष अंतरराष्ट्रीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल ने अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता से शिष्टाचार भेंट की और ऐतिहासिक विधानसभा भवन का भ्रमण किया। विभिन्न देशों के सांसदों, पूर्व राजनयिकों, रक्षा विशेषज्ञों तथा वैश्विक मीडिया एवं नागरिक समाज के प्रतिनिधियों से मिलकर बने इस दल का स्वागत करते हुए अध्यक्ष गुप्ता ने कहा, “विरासत भी, विकास भी, दिल्ली विधानसभा वह स्थान है जहां इतिहास भविष्य को प्रेरित करता है।”
विजेंद्र गुप्ता ने अतिथियों को पारंपरिक ‘पटका’ पहनाकर सम्मानित किया और विधानसभा की ओर से एक विशेष स्मृति-उपहार भी भेंट किया। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को कॉफी टेबल बुक “दिल्ली विधान सभा की प्रस्तुति शताब्दी-यात्रा, वीर विट्ठलभाई पटेल” भी दी, जो स्वतंत्रता-पूर्व केंद्रीय विधान सभा के प्रथम निर्वाचित अध्यक्ष वीर विट्ठलभाई पटेल को समर्पित है।
प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय विधान सभा की प्रथम संसद के रूप में स्थापित इस ऐतिहासिक भवन के सदन, गैलरी और प्रमुख स्थलों का दौरा किया। इस अवसर पर अध्यक्ष गुप्ता ने विधानसभा की आधुनिक पहलों जैसे राष्ट्रीय ई-विधान एप्लिकेशन (NeVA) और भवन को पूरी तरह सौर ऊर्जा संचालित हरित परिसर में बदलने की उपलब्धियों की जानकारी भी साझा की।
फ्रांस, नेपाल, बेल्जियम, मंगोलिया, श्रीलंका, सर्बिया और यूनाइटेड किंगडम के प्रतिनिधियों से युक्त यह दल भारतीय लोकतांत्रिक परंपराओं और संसदीय व्यवस्था को समझने के उद्देश्य से भारत दौरे पर है। प्रतिनिधियों ने दिल्ली विधानसभा की ऐतिहासिक विरासत, संरचना और तकनीकी आधुनिकीकरण की सराहना करते हुए इसे विश्व की आधुनिक एवं समृद्ध विधायी संस्थाओं में से एक बताया।



