नई दिल्ली: दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के साथ ही रैगिंग रोकने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। विश्वविद्यालय की प्रोक्तोरियल बोर्ड की हालिया बैठक में नए छात्रों की सुरक्षा और अनुशासित वातावरण सुनिश्चित करने के लिए कई अहम फैसले लिए गए हैं। इन गाइडलाइंस में छात्रों और उनके अभिभावकों से एंटी-रैगिंग घोषणा पत्र भरवाना भी अनिवार्य किया गया है।
सभी नए छात्रों को देनी होगी रैगिंग के खिलाफ शपथ
DU प्रशासन के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार, सभी नए छात्रों और उनके माता-पिता/अभिभावकों को पोर्टल पर जाकर रैगिंग न करने और उसका समर्थन न करने की ऑनलाइन घोषणा करनी होगी। यह प्रक्रिया एडमिशन के समय पूरी करनी होगी।
1 से 8 अगस्त तक जॉइंट कंट्रोल रूम
- नार्थ और साउथ कैंपस में 1 अगस्त से 8 अगस्त तक दो संयुक्त नियंत्रण कक्ष (Joint Control Rooms) सक्रिय रहेंगे।
- North Campus Helpline: 27667221
- South Campus Helpline: 24119832
- यह कंट्रोल रूम छात्रों की किसी भी शिकायत या आपात स्थिति में सहायता प्रदान करेंगे।
12 से 18 अगस्त तक मनाया जाएगा एंटी-रैगिंग सप्ताह
UGC के दिशानिर्देशों के अनुसार, 12 अगस्त को एंटी-रैगिंग डे और उसके बाद 18 अगस्त तक एंटी-रैगिंग वीक मनाया जाएगा। इस दौरान जागरूकता पोस्टर, रैलियां और अभियान चलाए जाएंगे।
परिसर में चौकसी और निगरानी होगी तेज
- सभी कॉलेजों और हॉस्टलों में बाहरी लोगों का प्रवेश प्रतिबंधित किया जाएगा।
- एंटी-रैगिंग नियमों के बोर्ड प्रमुख स्थानों पर लगाए जाएंगे।
- हर संस्थान को एंटी-रैगिंग कमेटी और विजिलेंस स्क्वॉड बनाना अनिवार्य होगा, जिसमें NCC/NSS छात्र भी शामिल होंगे।
दिल्ली पुलिस का सहयोग
प्रत्येक कॉलेज के बाहर पुलिस पिकेट तैनात किए जाएंगे, खासतौर पर महिला कॉलेजों में अतिरिक्त सतर्कता बरती जाएगी।रैगिंग, छेड़छाड़ और अन्य उत्पीड़न से निपटने हेतु सादे कपड़ों में महिला अधिकारी कॉलेज परिसरों के आसपास तैनात रहेंगी। पीजी (Paying Guest) में रहने वाले छात्रों को सलाह दी गई है कि वे अपने निवास की पुलिस वेरिफिकेशन सुनिश्चित करें ताकि परिसर के बाहर भी उनकी सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
ऑनलाइन शिकायत की सुविधा
छात्र अब रैगिंग की शिकायत ऑनलाइन और साइबर क्राइम पोर्टल के माध्यम से भी कर सकेंगे। दिल्ली पुलिस ने इस प्रक्रिया को सरल और प्रभावी बनाने का आश्वासन दिया है।
नियमित रिपोर्ट अनिवार्य
UGC के 2009 रेगुलेशन के तहत, सभी कॉलेजों और संस्थानों को पहले तीन महीनों तक साप्ताहिक और फिर मासिक रिपोर्ट विश्वविद्यालय के प्रोक्टर को भेजनी होगी। रिपोर्ट ईमेल के माध्यम से इस पोर्टल पर भेजी जानी है।
DU प्रशासन की चेतावनी
विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि रैगिंग या अनुशासनहीनता की किसी भी घटना पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसमें छात्र का निलंबन, निष्कासन, डिग्री रद्द करना, परीक्षा परिणाम रोकना या परीक्षा में बैठने से वंचित करना शामिल हो सकता है।
निष्कर्ष
दिल्ली यूनिवर्सिटी ने नए छात्रों के स्वागत को सुरक्षित और सकारात्मक बनाने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। इन उपायों से रैगिंग जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगेगी और छात्रों को बेहतर शैक्षणिक माहौल मिलेगा।



