नई दिल्ली: बालेन शाह जिल्हें बालेंद्र शाह भी कहते हैं। काठमांडू के मेयर हैं और नेपाल में Gen-Z आंदोलन के हीरो बन चुके हैं। 33 साल के बालेन ने पहले सिविल इंजीनियरिंग की, फिर रैपर बने और साल 2022 में स्वतंत्र उम्मीदवार के तौर पर काठमांडू का मेयर चुनाव जीता। उनकी बेबी, भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रवैया और युवाओं से जुड़ाव ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर चर्चित कर दिया है। Gen-Z उन्हें अगले प्रधानमंत्री के रूप देखना चाहा है। खासकर तब जब हाल के विरोध प्रदर्शनों के बाद केपी शर्मा ओली इस्तीफा दे दिया।
बालेन की लोकप्रियता का राज
बालेन की लोकप्रिया का आधार उनकी बेबाक और पारदर्शी कार्यशैली है। उन्होंने काठमांडू में कूड़ा प्रबंधन, अवैध निर्माण हटाने और सरकारी स्कूलों को बेहतर करने जैसे काम किए। उनकी सोशल मीडिया पर मौजूदगी, खासकर टिकटॉक और इंस्टाग्राम पर युवाओं को खूब भाती है। टाइम मैगजीन ने उन्हें 2023 में टॉप 100 प्रभावशाली लोगों में शमिल किया और न्यूयॉर्क टाइस ने भी उनकी तारीफ की। उनकी रैपिंग और इंजीनियरिंग पृष्टभूमि उन्हें युवाओं का रोल मॉडल बनाती है।
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ओली से टकराव
बालेन और पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली के बीच टकराव पुराना है। बालेन ने ओली पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए, खासकर गिरि बंधु चाय बागान घोटाले में। फुटपाथ चौड़ीकरण और नदी किनारे अवैध निर्माण हटाने जैसे उनके कदमों का ओली की पार्टी ने विरोध किया। बालेन की सख्ती और Gen-Z का समर्थन उन्हें राष्ट्रीय नेता के रूप में उभार रहा है। सोशल मीडिया पर जैसे पोस्ट्स वायरल हैं, जो दिखाते हैं कि युवा उन्हें नेपाल का भविष्य मानते हैं।



