नई दिल्ली। एनसीआर गुरुद्वारा फाउंडेशन की ओर से गाजियाबाद के वसुंधरा में विशाल सिख सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में दिल्ली-एनसीआर सहित विभिन्न क्षेत्रों से हजारों की संख्या में सिख समाज की प्रमुख हस्तियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में सिख पंथ की चढ़दी कला, प्रगति, समृद्धि और पंथक एकता जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।
एक मंच पर लाने में फाउंडेशन की भूमिका
सम्मेलन को संबोधित करते हुए दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष सरदार हरमीत सिंह कालका और महासचिव सरदार जगदीप सिंह कहलों ने एनसीआर गुरुद्वारा फाउंडेशन के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि फाउंडेशन दिल्ली-एनसीआर के सिख समाज को एकजुट करने और आपसी सहयोग बढ़ाने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहा है।उन्होंने कहा कि पंथ की उन्नति और मजबूती के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा। सिख समाज की एकता ही उसकी सबसे बड़ी ताकत है।
पंथ की सेवा को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता
कालका और कहलों ने कहा कि दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की वर्तमान टीम ने हमेशा पंथ को प्राथमिकता दी है और समाज हित में कार्य किया है। उन्होंने कहा कि समय की मांग है कि सिख समाज आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर पंथ की चढ़दी कला के लिए एकजुट हो।
‘सतलुज’ फिल्म का किया उल्लेख
सम्मेलन में ‘सतलुज’ फिल्म का भी जिक्र किया गया। नेताओं ने कहा कि यह फिल्म सिख समाज की भावनाओं और पीड़ा को सामने रखती है, इसलिए इसे अधिक से अधिक संगत तक पहुंचाना जरूरी है। इसी उद्देश्य से दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों में फिल्म के प्रदर्शन की व्यवस्था की गई है।
शिक्षा और युवाओं के भविष्य पर विशेष जोर
सम्मेलन में सिख युवाओं की शिक्षा और भविष्य को लेकर भी महत्वपूर्ण घोषणा की गई। बताया गया कि एनसीआर क्षेत्र के ऐसे सिख विद्यार्थी जो सिविल सेवा परीक्षा की प्रारंभिक परीक्षा पास करेंगे, उनकी आगे की पढ़ाई का खर्च दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी उठाएगी, ताकि अधिक से अधिक सिख युवा आईएएस और आईपीएस सेवाओं में पहुंच सकें।
गुरू हरिकृष्ण पब्लिक स्कूलों के मामलों में प्रगति का दावा
नेताओं ने गुरू हरिकृष्ण पब्लिक स्कूलों के कर्मचारियों के लंबित मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि पिछले कई वर्षों से चले आ रहे मुद्दों के समाधान की दिशा में काम किया गया है। उन्होंने बताया कि बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं और स्कूलों को बेहतर तरीके से चलाने के प्रयास जारी हैं।
छह शहरों के संयोजकों की घोषणा
कार्यक्रम के दौरान एनसीआर क्षेत्र के छह शहरों के संयोजकों की घोषणा भी की गई। सोनीपत से परमजीत सिंह, मेरठ से जसबीर सिंह खालसा, नोएडा से भूपिंदर सिंह, गाजियाबाद से शरणजीत सिंह आनंद, गुरुग्राम से गगनप्रीत कौर और हापुड़ से करम सिंह को जिम्मेदारी सौंपी गई।
पंथक एकता के संदेश के साथ हुआ सम्मेलन का समापन
अंत में सरदार हरमीत सिंह कालका और सरदार जगदीप सिंह कहलों ने सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए गुरप्रीत सिंह रम्मी, प्रभजोत सिंह चंडोक और पूरी टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि दिल्ली-एनसीआर की सिख संगत को एक मंच पर लाने का यह प्रयास पंथ की मजबूती की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।



