नई दिल्ली: गर्मी के मौसम में राजधानी में पानी की किल्लत से निपटने के लिए दिल्ली सरकार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने गुरुवार को दिल्ली सचिवालय में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में दिल्ली जल बोर्ड (डीजेबी) के ‘समर एक्शन प्लान-2026’ की समीक्षा की।
बैठक में जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह, मुख्य सचिव राजीव वर्मा, डीजेबी के सीईओ कौशल राज शर्मा समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि गर्मियों में पानी की मांग तेजी से बढ़ जाती है, जबकि उत्पादन लगभग समान रहता है। इसलिए समर एक्शन प्लान तैयार किया गया है ताकि सभी इलाकों में पर्याप्त पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके और कमी वाले क्षेत्रों में तुरंत राहत पहुंचाई जा सके।
दिल्ली को रोजाना 1250 एमजीडी पानी की जरूरत
बैठक में बताया गया कि नई दिल्ली की आबादी करीब 2.5 करोड़ है। मानकों के अनुसार राजधानी को प्रतिदिन लगभग 1,250 मिलियन गैलन प्रतिदिन (एमजीडी) पानी की आवश्यकता होती है, जबकि अभी करीब 1,000 एमजीडी पानी उपलब्ध हो रहा है। इस अंतर को देखते हुए गर्मियों के लिए विशेष प्रबंधन किया गया है।
टैंकर व्यवस्था को किया गया मजबूत
पानी की कमी वाले इलाकों में राहत के लिए दिल्ली जल बोर्ड ने टैंकर व्यवस्था को मजबूत किया है। इसके तहत 168 विभागीय टैंकर और 819 किराये के टैंकर पानी की आपूर्ति के लिए तैनात किए गए हैं। जरूरत पड़ने पर गर्मियों के चरम समय में करीब 200 अतिरिक्त टैंकर भी किराये पर लिए जाएंगे।
सरकार ने टैंकरों की निगरानी के लिए एक ड्राइवर मोबाइल ऐप भी विकसित किया है। इस ऐप के जरिए जीपीएस आधारित ट्रैकिंग होगी और पानी की आपूर्ति की फोटो के साथ पुष्टि दर्ज की जाएगी, जिससे अधिकारी वास्तविक समय में निगरानी कर सकेंगे।
हर विधानसभा क्षेत्र के लिए अलग योजना
समर एक्शन प्लान के तहत हर विधानसभा क्षेत्र के लिए अलग-अलग व्यवस्था तैयार की गई है। इसमें कॉलोनी के हिसाब से पानी की आपूर्ति के घंटे, टैंकरों के रूट और पानी की कमी वाले संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान शामिल है।
पानी की गुणवत्ता पर भी नजर
मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली जल बोर्ड रोजाना करीब 1600 से 1700 पानी के नमूनों की जांच करता है। जल शोधन संयंत्रों की प्रयोगशालाओं के साथ-साथ शहर के अलग-अलग हिस्सों में जोनल लैब भी सक्रिय हैं। पानी की गुणवत्ता की निगरानी के लिए सैंपलिंग वाहनों की संख्या 12 से बढ़ाकर 18 की जा रही है।
24×7 हेल्पलाइन और इमरजेंसी सेंटर
पानी से जुड़ी शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए दिल्ली जल बोर्ड का 24 घंटे कॉल सेंटर भी सक्रिय है। नागरिक 1916 और 1800117118 (टोल-फ्री) नंबर पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
इसके अलावा राजधानी में 28 वॉटर इमरजेंसी सेंटर स्थापित किए गए हैं, जो चौबीसों घंटे काम करते हैं और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई के लिए तैयार रहते हैं।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार का लक्ष्य है कि गर्मियों में भी राजधानी के हर नागरिक को स्वच्छ और पर्याप्त पानी उपलब्ध हो। ‘समर एक्शन प्लान-2026’ इसी उद्देश्य को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।



