पटना: बिहार में विधानसभा चुनाव को लेकर राष्ट्रीय जनता दल के मुखिया लालू प्रसाद यादव एक्शन में हैं। चुनाव से ठीक पहले उन्होंने अपनी नई टीम का ऐलान किया है। लालू यादव ने लगातार तेरहवीं बार अपनी पार्टी के अध्यक्ष पद को संभालने के बाद नेशनल एग्जीक्यूटिव कमेटी का भी गठन कर दिया है।
खास बात यह कि पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को पार्टी का उपाध्यक्ष बनाया गया है। जबकि अभी तक राजद प्रदेश अध्यक्ष रहे जगदानंद सिंह को भी बड़ी जिम्मेदारी सौंपी दी है। विधानसभा चुनाव से पहले आरजेडी सुप्रीमो के इस कदम को एक अहम फैसले के रूप में देखा जा रहा है। लालू ने 26 जुलाई को पार्टी की राष्ट्रीय कमेटी की घोषणा की तो दूसरी तरफ उनके बड़े बेटे पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव ने बिहार के महुआ विधानसभा से निर्दलीय चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं।
लालू यादव के राष्ट्रीय कार्यकारणी के सदस्य
लालू प्रसाद यादव ने राजद की राष्ट्रीय कार्यकारणी का ऐलान करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, बिहार के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह, पूर्व सांसद महबूब अली कैसर एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया है। अब्दुल बारी सिद्दीकी को राष्ट्रीय प्रधान महासचिव और सुनील कुमार सिंह को राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष मनोनीत किया गया है। जयप्रकाश नारायण यादव और भोला यादव सहित 12 नेताओं को राष्ट्रीय महासचिव और 10 राष्ट्रीय सचिव बनाए गए हैं।
लालू यादव के बड़े बेटे लड़ेंगे निर्दलीय चुनाव
बिहार के पूर्व मंत्री और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर बड़ा ऐलान किया है। तेज प्रताप ने साफ किया है कि वह इस बार महुआ विधानसभा सीट से निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ेंगे। इसके बाद बिहार के राजनीतिक गलियारें में चर्चा तेज हो गयी है।
उधर, राजनीतिक विशेषज्ञ मानते हैं कि तेज प्रताप यादव के इस कदम से राजद को नुकसान पंहुच सकता है। वह बिहार के जिस महुआ विधानसभा से चुनाव लड़ने की बात कर रहे हैं, वहां अभी राजद का कब्जा है। राजद में रहते हुए भी तेज प्रताप ने इस सीट से लड़ने की बात कही थी। उस वक्त इस विधान सभा के विधायक मुकेश रोशन का रोने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। उनको लग रहा था कि तेजप्रताप के चुनाव लड़ने से उनका पार्टी टिकट काट देगी। अब एक बार फिर महुआ विधानसभा से बतौर निर्दलीय उम्मीदवार दावा ठोंकने के बाद राजद के सियासी समीकरण बिगड़ सकते हैं।
तेजप्रताप यादव ने बनाई खुद की पार्टी
लंबे समय से बिहार राजनीति में सक्रिय पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव ने पार्टी और परिवार से खुद को अलग करके अपने नाम से एक अलग टीम बना ली है। टीम तेज प्रताप यादव से जुड़े लोग राजद की हरी टोपी की जगह पीली टोपी पहने दिखते हैं। तेज प्रताप यादव का कहना है यह कोई राजनीतिक पार्टी नहीं है, बल्कि एक ओपन प्लेटफॉर्म है। यहां हर किसी को जुड़ने और काम करने का मौका मिलेगा। उन्होंने कोई नई पार्टी बनाने से फिलहाल इंकार किया है।



