भागलपुर: बिहार के शिक्षक हैं, तो उनकी क्षमता पर कभी संदेह किया ही नहीं जा सकता। यहां के शिक्षक अगर पढ़ाने पर आ जाएं, तो बिना किसी संसाधन के भी बच्चों को ऐसा पढ़ा देते हैं कि बड़े-बड़े स्कूल उनके सामने पानी भरने लगते हैं। वहीं अगर ये शिक्षक अपने पर आ जाए तो शिक्षा विभाग को भी पटखनी दे मारे। कुछ ऐसा ही भागलपुर जिले के इस्माइलपुर प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय 519 टोला के शिक्षक ने कर दिखाया है। उत्तर प्रदेश के बनारस से 502 किलोमीटर दूर भागलपुर के इस्माइलपुर के स्कूल में महिला शिक्षक ने हाजिरी लगा दी। मामला सामने आने पर शिक्षा विभाग ने शिक्षिका से स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही उसका वेतन स्थगित कर दिया गया है। महिला के जवाब से विभाग के संतुष्ट नहीं होने पर उसके निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।
जानकारी के अनुसार, बीपीएससी से चयनित विद्यालय की शिक्षिका उपासना सिंह ने दो मई की हाजिरी ई-शिक्षा कोष पोर्टल के मार्क आन ड्यूटी का उपयोग कर स्कूल से 502 किमी दूर बनारस उत्तर प्रदेश में बैठकर बनाई है। इस मामले की जानकारी तब हुई, जब मावाड़ी इस्माइलपुर के रहने वाले सोहन मंडल ने शिक्षिका को लेकर आनलाइन जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी के पास शिकायत की। परिवादी ने अपने आवेदन में लिखा था कि शिक्षिका लंबे समय से स्कूल से गायब है, इसके बावजूद उनकी हाजिरी स्कूल में लग रही है। जिसके बाद जिला लोक शिकायत पदाधिकारी ने इसकी जांच करने का निर्देश दिए हैं।
शिक्षा विभाग द्वारा डीपीओ स्थापना के नेतृत्व में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी इस्माइलपुर द्वारा इसकी जांच की गई। जांच रिपोर्ट में यह बात सामने आई कि शिक्षिका द्वारा दो मई को स्कूल से बाहर रहने के बावजूद घर से ही हाजिरी बना ली, जो स्कूल के लोकेशन से लगभग 502 किलोमीटर दूर पाई गई। वहां मार्क आन ड्यूटी के माध्यम से अटेंडेंस बनाया गया था।
इसके बाद लोक प्राधिकार ने इसकी सुनवाई की, जिसमें शिक्षिका अनुपस्थिति रही। लोक प्राधिकार ने जिला शिक्षा पदाधिकारी के प्रतिनिधि कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) उस रिपोर्ट के आधार पर संबंधित आरोपी शिक्षिका एवं प्रधानाध्यापक से स्पष्टीकरण मांगा है। स्पष्टीकरण से असंतुष्ट होने की स्थिति में विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। साथ ही वेतन भी स्थगित कर दिया गया है।
शिक्षिका उपासना सिंह अप्रैल के अंतिम सप्ताह में शादी की छुट्टी लेकर अपने घर बनारस गई थी। इस दौरान कैजुअल लीव ओर सिक लीव को लेकर अवकाश पर थी। छुट्टी खत्म हो जाने के कारण उन्होंने मार्क आन ड्यूटी के माध्यम से वहां से हाजिरी लगा दी थी।
उपासना सिंह अटेंडेंस मामले में इस्माइलपुर प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय 519 टोला के तत्कालीन प्रधानाध्यापक प्रियंका से स्पष्टीकरण मांगा गया है। तत्कालीन प्रधानाध्यापक प्रियंका का हेड टीचर में चयन हो जाने के कारण उनका तबादला नगर निगम क्षेत्र भागलपुर के प्राथमिक विद्यालय कटघर में कर दिया गया है। वर्तमान समय में दो दिन पहले ही स्कूल के प्रधानाध्यापक नवीन कुमार नवीन को बनाया गया है। अब तक उन्होंने प्रभार भी नहीं लिया है।
शिक्षक हुए बीएलओ नियुक्त
दरअसल, बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में चुनाव आयोग ने विशेष गहन मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान की शुरुआत की है। इस अभियान के तहत करीब बड़ी संख्सा में शिक्षकों को बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) के रूप में नियुक्त किया गया है। ये शिक्षक घर-घर जाकर मतदाता सूची का विशेष पुनरीक्षण कर रहे हैं।
कार्य में लगे शिक्षकों को बड़ी राहत
इस कार्य में लगे शिक्षकों को बड़ी राहत दी गई है। अब बीएलओ बने शिक्षकों को अपने स्कूल जाकर उपस्थिति दर्ज कराने की आवश्यकता नहीं होगी। वे ई-शिक्षा कोष ऐप के माध्यम से मार्क ऑन ड्यूटी दिखाकर मतदाता पुनरीक्षण कार्य कर सकते हैं। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी के अनुसार, यह निर्णय शिक्षकों के कार्यभार को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।



