भोजपुर/आरा। बिहार विधानसभा चुनाव से पहले भोजपुर जिले में सुरक्षा एजेंसियों ने बड़ी सफलता हासिल की है। शाहपुर थाना क्षेत्र में अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ चलाए गए अभियान के तहत एसटीएफ और स्थानीय पुलिस ने संयुक्त छापेमारी कर भारी मात्रा में हथियार बरामद किए हैं। इस दौरान दो तस्करों को गिरफ्तार भी किया गया है। बरामद हथियारों में एके-47 राइफल समेत कई घातक हथियार शामिल हैं, जिन्हें चुनावी माहौल में अशांति फैलाने के लिए इस्तेमाल किए जाने की आशंका जताई जा रही है।

गुप्त सूचना पर की गई कार्रवाई
पटना एसटीएफ को गुप्त सूचना मिली थी कि शाहपुर नगर पंचायत के वार्ड संख्या 3 और 6 में हथियारों का जखीरा छिपाया गया है। इसी आधार पर शुक्रवार देर रात संयुक्त कार्रवाई की गई। छापेमारी के दौरान पुलिस ने एके-47 राइफल, एक बंदूक, दो पिस्टल, दो देशी कट्टा, एक रिवॉल्वर और 70 जिंदा कारतूस बरामद किए। मौके से दो तस्करों को गिरफ्तार कर लिया गया, जिनसे पूछताछ जारी है।
अंतरराज्यीय गिरोह से जुड़ा शक
पुलिस को प्रारंभिक जांच में यह संकेत मिले हैं कि गिरफ्तार किए गए दोनों तस्कर एक बड़े अंतरराज्यीय हथियार तस्करी गिरोह से जुड़े हो सकते हैं। एसटीएफ अधिकारियों ने आशंका जताई है कि यह हथियार बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान बड़े पैमाने पर हिंसा या अशांति फैलाने के लिए इस्तेमाल किए जा सकते थे।
समय रहते टली बड़ी वारदात
एसटीएफ और स्थानीय पुलिस की इस कार्रवाई को एक बड़ी सफलता माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि समय रहते हथियार बरामद कर और आरोपियों को पकड़कर एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया गया है। अगर यह हथियार गलत हाथों में पहुंच जाते, तो चुनावी माहौल बिगाड़ने की गंभीर आशंका थी।
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नेटवर्क खंगालने में जुटी पुलिस
गिरफ्तार तस्करों से पूछताछ के आधार पर पुलिस और एसटीएफ अब गिरोह के पूरे नेटवर्क का पता लगाने की कोशिश कर रही है। सूत्रों का कहना है कि बहुत जल्द इस गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुंच बनाई जाएगी और संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जाएगी।
चुनावी माहौल में बढ़ी चौकसी
बिहार विधानसभा चुनाव को देखते हुए प्रशासन पहले से ही सतर्क है। हथियारों की इस बड़ी बरामदगी ने पुलिस और खुफिया एजेंसियों को और सतर्क कर दिया है। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में अभियान और तेज किया जाएगा, ताकि चुनाव के दौरान शांति और सुरक्षा व्यवस्था कायम रह सके।



