कोलकाता: यह जानकर काफी निराशा होती है जब आपकी टीम का सबसे घातक गेंदबाज बाहर बैठा हो, खासकर ₹18 करोड़ की बड़ी बोली के बाद। कोलकाता नाइट राइडर्स के फैंस के लिए मथीशा पथिराना का सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ न खेलना एक बड़ा झटका है।
इसके पीछे के दो मुख्य कारण हैं:
1. हैमस्ट्रिंग की चोट
पथिराना हाल ही में संपन्न हुए टी20 वर्ल्ड कप के दौरान चोटिल हो गए थे। उनकी हैमस्ट्रिंग (पैर की मांसपेशियों) में खिंचाव आया था, जिसके कारण वह मैदान से दूर हैं। हालांकि उन्होंने ट्रेनिंग शुरू कर दी है, लेकिन मैच खेलने के लिए आवश्यक फिटनेस अभी हासिल नहीं की है।
2. श्रीलंका क्रिकेट द्वारा एनओसी नहीं मिलना
श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड ने पथिराना को आईपीएल 2026 में खेलने के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र देने से फिलहाल इनकार कर दिया है। बोर्ड का मानना है कि उनकी फिटनेस अभी उस स्तर पर नहीं है कि वह आईपीएल जैसे गहन टूर्नामेंट का भार उठा सकें। श्रीलंका बोर्ड अपने प्रमुख गेंदबाज के वर्कलोड और रिकवरी को लेकर कोई जोखिम नहीं लेना चाहता।
KKR पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा?
डेथ ओवर्स की समस्या: पथिराना अपनी यॉर्कर और स्लिंगिंग एक्शन के लिए जाने जाते हैं। उनकी अनुपस्थिति में KKR के पास अंतिम ओवरों में रनों की गति रोकने वाला विशेषज्ञ गेंदबाज कम हो गया है।
ब्लेसिंग मुजारबानी का विकल्प: पथिराना की जगह ज़िम्बाब्वे के ब्लेसिंग मुजारबानी को प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया है। मुजारबानी एक अच्छे गेंदबाज हैं, लेकिन उनके पास पथिराना जैसा ‘डेथ ओवर स्पेशलिस्ट’ अनुभव और गति का मिश्रण नहीं है।
SRH की पावर-हिटिंग: ईडन गार्डन्स जैसे मैदान पर, जहां अभिषेक शर्मा और ट्रैविस हेड जैसे आक्रामक बल्लेबाज विपक्षी टीम में हों, पथिराना की कमी KKR को बहुत खल सकती है।
वापसी की उम्मीद
राहत की बात यह है कि KKR प्रबंधन को उम्मीद है कि पथिराना अप्रैल के दूसरे सप्ताह तक फिट हो जाएंगे और उन्हें श्रीलंका बोर्ड से क्लीयरेंस मिल जाएगी। तब तक, कप्तान अजिंक्य रहाणे को अपनी मौजूदा गेंदबाजी इकाई, विशेषकर वरुण चक्रवर्ती और सुनील नरेन के अनुभव पर भरोसा करना होगा।



