मुंबई | महाराष्ट्र विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन शिवसेना (यूबीटी) में जारी राजनीतिक हलचल के बीच पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे ने सोमवार को नारिमन पॉइंट स्थित पार्टी कार्यालय ‘शिवालय’ में विधायकों और विधान परिषद सदस्यों (MLC) की अहम बैठक बुलाई। हाल ही में पार्टी के 6 सांसदों के बागी होने के बाद इस बैठक को संगठन के लिए काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, ‘ऑपरेशन टाइगर’ की चर्चाओं के बाद यह पहली बड़ी बैठक थी, जिसमें उद्धव ठाकरे ने नेताओं से सीधे बातचीत की। बैठक में पार्टी की मौजूदा स्थिति, विधानसभा के मानसून सत्र की रणनीति और आगे की राजनीतिक दिशा पर चर्चा हुई।
फिलहाल शिवसेना (यूबीटी) के पास 20 विधायक और 6 एमएलसी हैं। वहीं, 6 सांसदों के पार्टी छोड़ने के बाद लोकसभा में उसके केवल 3 सांसद और राज्यसभा में 1 सांसद बचे हैं।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सांसदों की बगावत के बाद उद्धव ठाकरे के सामने सबसे बड़ी चुनौती पार्टी के विधायकों और नेताओं को एकजुट बनाए रखने की है।
ऐसे में ‘शिवालय’ में हुई यह बैठक सिर्फ राजनीतिक रणनीति तय करने तक सीमित नहीं थी, बल्कि इसे पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाने की कोशिश के तौर पर भी देखा जा रहा है।



