नई दिल्ली: केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने लोकसभा में बताया कि सरकार ने “सड़क दुर्घटना पीड़ितों के लिए कैशलेस उपचार योजना, 2025” के तहत सभी सड़क दुर्घटना पीड़ितों को नकद रहित उपचार उपलब्ध कराने की व्यवस्था की है।
योजना के लाभ
योजना के तहत दुर्घटना की तारीख से अधिकतम 7 दिनों के भीतर, प्रति पीड़ित 1.5 लाख रुपये तक का उपचार कवर मिलेगा। योजना में शामिल अस्पतालों में 24 घंटे (गैर-जानलेवा मामलों में) और 48 घंटे (जानलेवा मामलों में) के भीतर स्थिरीकरण उपचार सुनिश्चित किया जाएगा।
यह योजना दो डिजिटल प्लेटफॉर्मों – ईडीएआर (इलेक्ट्रॉनिक विस्तृत दुर्घटना रिपोर्ट) और टीएमएस 2.0 (लेनदेन प्रबंधन प्रणाली) – के एकीकरण से कार्यान्वित की जा रही है, जिससे दुर्घटना की रिपोर्टिंग, अस्पताल में भर्ती, उपचार और भुगतान की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी होगी।
अस्पतालों को भुगतान
अस्पतालों को भुगतान मोटर वाहन दुर्घटना कोष और सरकारी सहायता के माध्यम से किया जाएगा। योजना आयुष्मान भारत–प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत सूचीबद्ध अस्पतालों में लागू होगी।
साथ ही, 112 आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली के माध्यम से दुर्घटना पीड़ित को निकटतम अस्पताल तक पहुँचाने और आवश्यक एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध कराने का भी समन्वय किया गया है।
गडकरी ने कहा कि योजना का उद्देश्य सड़क दुर्घटना पीड़ितों को त्वरित और सक्षम उपचार देना, स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करना और डिजिटल प्रक्रिया के माध्यम से तेजी, पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाना है।



