नई दिल्ली: दिवाली का त्योहार नजदीक आते ही लोग मिठाइयों, तले-भुने पकवानों और नमकीन का लुत्फ उठाने लगते हैं। लेकिन अनहेल्दी खानपान, तनाव और प्रदूषण के कारण शरीर में टॉक्सिन्स जमा हो जाते हैं, जो सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं। अगर समय रहते शरीर को डिटॉक्स न किया जाए, तो मिठाइयों और तैलीय भोजन के कारण पाचन तंत्र पर बोझ पड़ सकता है, जिससे थकान, सूजन या अन्य स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। डिटॉक्स शरीर को साफ करने, ऊर्जा बढ़ाने और त्योहार के लिए तैयार करने का एक प्रभावी तरीका है।
हाइड्रेशन है पहला कदम
शरीर को डिटॉक्स करने का सबसे आसान और असरदार तरीका है पर्याप्त पानी पीना। पानी टॉक्सिन्स को पतला करके उन्हें किडनी के जरिए बाहर निकालता है। सुबह खाली पेट गुनगुना पानी और नींबू का मिश्रण पिएं। नींबू में मौजूद विटामिन सी लिवर को डिटॉक्स करने में मदद करता है। दिनभर में कम से कम 8-10 गिलास पानी पीने की कोशिश करें, इससे त्वचा भी चमकदार बनेगी।
हरी सब्जियां और हल्दी का जादू
लिवर को स्वस्थ रखने के लिए अपनी डाइट में पालक, ब्रोकली, मेथी जैसी हरी सब्जियां शामिल करें। ये एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होती हैं, जो लिवर के एंजाइम्स को सक्रिय करती हैं। हल्दी का रोजाना सेवन भी फायदेमंद है, क्योंकि इसका करक्यूमिन सूजन कम करता है और लिवर की कार्यक्षमता बढ़ाता है। आप सलाद, स्मूदी या जूस के रूप में इनका सेवन कर सकते हैं।
व्यायाम से बढ़ाएं डिटॉक्स की शक्ति
रोजाना 30 मिनट की शारीरिक गतिविधि जैसे तेज चलना, योग या हल्की दौड़ डिटॉक्स को और प्रभावी बनाती है। पसीने के जरिए टॉक्सिन्स बाहर निकलते हैं और ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होने से लिवर व किडनी बेहतर काम करते हैं। योग में भुजंगासन या ताड़ासन जैसे आसन खासतौर पर फायदेमंद हैं।
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चीनी और प्रोसेस्ड फूड से परहेज
डिटॉक्स के दौरान चीनी, मैदा और प्रोसेस्ड फूड से दूरी बनाएं। ये चीजें शरीर में सूजन बढ़ाती हैं और पाचन को मुश्किल बनाती हैं। इसके बजाय, फाइबर युक्त फल जैसे सेब, नाशपाती और सब्जा सीड्स खाएं। ये पाचन को बेहतर बनाएंगे और त्योहार में मिठाइयों का आनंद लेने के लिए शरीर को तैयार करेंगे।



