नई दिल्ली: इस वर्ष बुसान अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (BIFF) में फिल्मों के साथ-साथ राजनीति भी चर्चा में रहने वाली है। दरअसल इस वर्ष भारत ने BIFF और एशियन कंटेंट्स एंड फिल्म मार्केट (ACFM) में अपना पहला मंत्रिस्तरीय प्रतिनिधिमंडल भेजने का निर्णय लिया है। सरकार का मानना है यह कदम सांस्कृतिक कूटनीति को मजबूत करेगा और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत को रचनात्मक अर्थव्यवस्था के वैश्विक केंद्र के रूप में स्थापित करने में मदद करेगा।
बुसान में होगा इन भारतीय फिल्मों का प्रदर्शन
इस वर्ष भारत सबसे प्रभावशाली फिल्मों का प्रदर्शन करने जा रहा है, जिसमें अलग अलग कथानक वाली फिल्में दिखाई जाएंगी।
- आई एम कलाम’ जैसी फिल्मों के निर्देशक नीला माधब पांडा और कान्स विजेता विमुक्ति जयसुंदर की नई फिल्म ‘स्पाइंग स्टार्स’ को नई प्रतियोगिता श्रेणी में शामिल किया गया है। यह इस नई प्रतियोगिता श्रेणी में जगह बनाने वाली इकलौती भारतीय को-प्रोडक्शन है।
- इसके अलावा संजू सुरेंद्रन की इफ ऑन अ विंटर नाइट, महर्षि तुहिन कश्यप की ‘कोक कोक कोकूक’, त्रिवेणी राय की शेप ऑफ मोमो विजन एशिया खंड के अंतर्गत प्रदर्शित होंगी।
- कुछ अन्य प्रोजेक्ट के तौर पर विकास रंजन मिश्रा की बयान, अनूप लोकुर की डोंट टेल मदर, तनिष्का चटर्जी की फुल प्लेट, शीतल एन.एस की करिंजी, विवेक चौधरी की आई, पॉप्पी शामिल हैं।
एशियाई प्रोजेक्ट मार्केट (एसीएफएम) में सह-निर्माण मार्केट के लिए भी पांच भारतीय प्रोजेक्ट को चुना गया है, जिसमें
- सोनी राजदान द्वारा निर्देशित और आलिया भट्ट, शाहीन भट्ट, एलन मैकएलेक्स और ग्रीष्मा शाह द्वारा निर्मित डिफिकल्ट डॉटर्स
- कुंजिला मस्किलामणि द्वारा निर्देशित और पायल कपाड़िया, जियो बेबी और कानी कुसरुति द्वारा निर्मित द लास्ट ऑफ देम प्लेग्स
- सौरव राय द्वारा निर्देशित और सुदीप्त साधुखान, विराज सेलोट और अंकिता पुरकायस्थ द्वारा निर्मित लंका (द फायर)
- प्रदीप कुर्बा द्वारा निर्देशित और निर्मित मून
- बिप्लब सरकार द्वारा निर्देशित, भारत और अंतरराष्ट्रीय भागीदारों द्वारा सह-निर्मित द मैजिकल मेन फिल्मों का प्रदर्शन किया जाएगा।
बुसान अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव क्या है?
बुसान अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (BIFF) दक्षिण कोरिया में आयोजित होने वाला एशिया का एक प्रतिष्ठित फिल्म समारोह है, जो खास तौर पर एशियाई फिल्मों और नए निर्देशकों को वैश्विक मंच पर लाने के लिए जाना जाता है। यह महोत्सव एशियन कंटेंट्स एंड फिल्म मार्केट (ACFM) के माध्यम से फिल्म निर्माताओं को निवेशकों से जोड़ता है और युवा प्रतिभाओं के विकास को बढ़ावा देता है। इसे एशिया के सबसे महत्वपूर्ण फिल्म समारोहों में से एक माना जाता है।
पहला बुसान अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव 13 से 21 सितंबर, 1996 को आयोजित किया गया था और यह कोरिया का पहला अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोह था।
इसको भी पढ़ें: PLIWG Scheme: घरेलू उपकरणों के लिए आवेदन विंडो फिर खुली
एशियन कंटेंट्स एंड फिल्म मार्केट क्या है?
एशियन कंटेंट्स एंड फिल्म मार्केट (एसीएफएम) एक प्रमुख सह-निर्माण और वित्तपोषण मंच के रूप में कार्य करता है, जो फिल्म निर्माताओं को वैश्विक निवेशकों और भागीदारों से जोड़ता है।



