क्यूएस रैकिंग में डीयू की उड़ान जारी, 6 पायदान ऊपर पहुंचा

क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 में दिल्ली विश्वविद्यालय ने 322 वीं वैश्विक रैंक हासिल कर पिछले वर्ष की तुलना में 6 स्थान की बढ़त दर्ज की है। डीयू भारतीय विश्वविद्यालयों में पहले स्थान पर कायम रहा। रिसर्च, सस्टेनेबिलिटी और एम्प्लॉयर रेप्युटेशन जैसे प्रमुख मानकों में विश्वविद्यालय ने उल्लेखनीय सुधार किया है।

Share This Article:

नई दिल्ली। दिल्ली विश्विद्यालय ने वैश्विक शिक्षा जगत में अपनी प्रतिष्ठा को और मजबूत करते हुए क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 में 322वीं रैंक हासिल की है। पिछले वर्ष की तुलना में छह स्थान की बढ़त दर्ज करते हुए डीयू भारतीय विश्वविद्यालयों में पहले स्थान पर कायम रहा। कुलपति प्रो. योगेश सिंह ने इसे विश्वविद्यालय के शिक्षकों, छात्रों, शोधकर्ताओं और कर्मचारियों के सामूहिक प्रयासों का परिणाम बताते हुए कहा कि रिसर्च, नवाचार, सस्टेनेबिलिटी और वैश्विक पहचान के क्षेत्र में डीयू लगातार नए मानक स्थापित कर रहा है।

जानकारी के अनुसार, क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग्स के ताजा संस्करण में दुनिया भर के 8,808 संस्थानों का मूल्यांकन किया गया है, जिसमें 106 देशों और क्षेत्रों के 1,504 विश्वविद्यालयों को रैंकिंग में स्थान मिला है। प्रो. योगेश सिंह ने बताया कि इस रैंकिंग में शामिल किए गए 52 भारतीय संस्थानों में,

क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027 में सुधार हमारे फैकल्टी सदस्यों, छात्रों, रिसर्चर्स, स्टाफ, पूर्व छात्रों और यूनिवर्सिटी से जुड़े सभी लोगों की लगन और सामूहिक प्रयासों का नतीजा है। ग्लोबल स्तर पर हमारी बढ़ती पहचान और भारत के प्रमुख विश्वविद्यालयों में हमारी जगह, हमारे एकेडमिक इकोसिस्टम की मजबूती और टीचिंग, रिसर्च, इनोवेशन, सस्टेनेबिलिटी और सामाजिक जुड़ाव में बेहतरीन काम करने के हमारे संकल्प को दिखाती है। हम यूनिवर्सिटी की गुणवत्ता, असर और ग्लोबल पहचान को और बेहतर बनाने पर ध्यान देते रहेंगे। कुलपति ने कहा कि डीयू आगे भी हायर एजुकेशन को आगे बढ़ाने और देश के निर्माण में अपना सार्थक योगदान देता रहेगा।

क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027: डीयू की स्थिति

ग्लोबल और राष्ट्रीय स्थिति

•       ग्लोबल रैंक: 322 (2026 में 328 से सुधार; 6 स्थान ऊपर

•       कुल स्कोर: 43.8 (2026 में 42.6 से बढ़ोतरी

•       भारतीय विश्वविद्यालयों में पहला स्थान (भारत के प्रमुख सार्वजनिक विश्वविद्यालय के तौर पर अपनी स्थिति बरकरार रखी है

•       भारत के सभी उच्च शिक्षा संस्थानों में कुल मिलाकर 7वां स्थान (पिछले वर्ष की स्थिति बनाए रखी है

मुख्य परफॉर्मेंस इंडिकेटर्स में उल्लेखनीय प्रगति

•       प्रति फैकल्टी साइटेशन में 403 से 318 (85 स्थान ऊपर) तक सुधार, जो विश्वविद्यालय के रिसर्च आउटपुट की बढ़ती गुणवत्ता, विज़िबिलिटी और प्रभाव को दर्शाता है।

•       सस्टेनेबिलिटी में 297 से 240 (57 स्थान ऊपर) तक सुधार, जो पर्यावरण सस्टेनेबिलिटी और सामाजिक प्रभाव के प्रति विश्वविद्यालय की बढ़ती प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

•       एम्प्लॉयर रेप्युटेशन में 319 से 304 (15 स्थान ऊपर) तक सुधार, जो दुनिया भर के एम्प्लॉयर्स के बीच दिल्ली विश्वविद्यालय के ग्रेजुएट्स की मजबूत पहचान को उजागर करता है।

भारतीय संस्थानों में प्रदर्शन

•       रोजगार के नतीजों में दूसरा स्थान

•       सस्टेनेबिलिटी (स्थिरता) में चौथा स्थान (2026 में छठे स्थान से ऊपर

•       इंटरनेशनल रिसर्च नेटवर्क में चौथा स्थान

•       एकेडमिक रेप्युटेशन में छठा स्थान पिछले साल वाला स्थान बरकरार

Sanjay Rai

sanjayrai.dj@gmail.com

संजय राय ने बीते 25 साल के प्रोफेशनल कैरियर में स्वास्थ्य, अपराध, शिक्षा, विकास समेत सभी बीट की कवरेज की है। दिल्ली सरकार, विधानसभा की कार्यवाही, भाजपा, कांग्रेस, आप सरीखे राजनीतिक दलों के साथ सामाजिक-सांस्कृतिक व आंदोलनात्मक गतिविधियों को भी कवर किया है। कई सत्रों में संसद की कार्यवाही पर भी कलम चलाई है। फिलवक्त NewG India में बतौर सीनियर स्पेशल काॅरेस्पोंडेंट अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं।

https://x.com/DjSanjayrai

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

न्यूज़लेटर के लिए सब्सक्राइब करें

कैटेगरीज़

हम वह खबरची हैं, जो खबरों के साथ खबरों की भी खबर रखते हैं। हम NewG हैं, जहां खबर बिना शोरगुल के है। यहां news, without noise लिखी-कही जाती है। विचार हममें भरपूर है, लेकिन विचारधारा से कोई खास इत्तेफाक नहीं। बात हम वही करते हैं, जो सही है। जो सत्य से परामुख है, वह हमें स्वीकार नहीं। यही हमारा अनुशासन है, साधन और साध्य भी। अंगद पांव इसी पर जमा रखे हैं। डिगना एकदम भी गवारा नहीं। ब्रीफ में यही हमारा about us है।

©2025 NewG India. All rights reserved.