नई दिल्ली। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण गतिविधि और खाटू श्याम दिल्ली धाम के संयुक्त तत्वावधान में शनिवार को ‘पर्यावरण संरक्षण सम्मेलन’ का आयोजन किया गया। सम्मेलन में दिल्ली में कार्यरत 100 से अधिक सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
स्वयंसेवक संघ के अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय अधिकारी विजय कुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इसके अलावा खाटू श्याम दिल्ली धाम के राष्ट्रीय अध्यक्ष घनश्याम गुप्ता ‘जावेरी’, पर्यावरण संरक्षण गतिविधि के उत्तर क्षेत्र समन्वयक डॉ. चंद्रप्रकाश, दिल्ली प्रांत संयोजक जय कुमार तथा रिलैक्सो फुटवियर्स के सुशील बत्रा ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।
सम्मेलन के दौरान 12 सामाजिक संस्थाओं ने जल संरक्षण, वृक्षारोपण, भूमि संरक्षण, कचरा प्रबंधन तथा जीरो वेस्ट सोसाइटी के क्षेत्र में किए गए कार्यों और उपलब्धियों को साझा किया। पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली संस्थाओं को सम्मान पत्र देकर सम्मानित भी किया गया।
इस अवसर पर तीन प्रमुख अभियानों के पोस्टरों का विमोचन किया गया। इनमें नेशनल स्टूडेंट पर्यावरण कॉम्पिटिशन (एनएसपीसी), 14 जून को आयोजित होने वाले ‘14 जून-14 घाट यमुना सफाई अभियान’ तथा दिल्ली की 500 आवासीय सोसाइटियों को जीरो वेस्ट सोसाइटी बनाने के संकल्प से जुड़े अभियान शामिल हैं।
अपने संबोधन में विजय कुमार ने प्रकृति संरक्षण के महत्व पर बल देते हुए जल, जंगल, जमीन और जीव-जंतुओं के संरक्षण को समय की आवश्यकता बताया। वहीं, घनश्याम गुप्ता ‘जावेरी’ ने कहा कि उनकी संस्था वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े विभिन्न अभियानों में सक्रिय रूप से कार्य कर रही है।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. नरेश कुमार और डॉ. जूही ने संयुक्त रूप से किया। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए जनजागरण अभियान को घर-घर तक पहुंचाने और दिल्ली में कचरा प्रबंधन की जीरो वेस्ट प्रणाली को बढ़ावा देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। सम्मेलन में विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों एवं खाटू श्याम दिल्ली धाम के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने भी भाग लिया।



