क्या है एल नीनो ? बाढ़ और सूखे की चेतावनी, गर्मी तोड़ सकती है रिकॉर्ड

कृषि एवं पर्यावरण मंत्रालय ने एक गंभीर चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि 2026 के मध्य से 'एल नीनो' प्रभाव के सक्रिय होने की प्रबल आशंका है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, जून से अगस्त 2026 के बीच इसके प्रकट होने की संभावना 80-90% है।

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नई दिल्ली: कृषि एवं पर्यावरण मंत्रालय ने एक गंभीर चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि 2026 के मध्य से ‘एल नीनो’ प्रभाव के सक्रिय होने की प्रबल आशंका है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, जून से अगस्त 2026 के बीच इसके प्रकट होने की संभावना 80-90% है।

इस प्राकृतिक घटना के कारण आगामी शुष्क मौसम (2026-2027) के दौरान देश को गंभीर पानी की कमी, सूखे और खारे पानी के घुसपैठ जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। मंत्रालय ने संकेत दिया है कि यह प्रभाव मध्यम से तीव्र श्रेणी का हो सकता है, जो संभवतः 2027 की शुरुआत तक जारी रहेगा।

समय से पहले गर्मी और गिरता जलस्तर

साल की शुरुआत से ही मौसम के मिजाज में बदलाव देखा जा रहा है। अप्रैल के मध्य तक देश भर में औसत वर्षा सामान्य से 10-40% कम दर्ज की गई है। पश्चिमी जिया लाई प्रांत की झीलें पूरी तरह सूख चुकी हैं, जिससे फसलों की सिंचाई का संकट पैदा हो गया है। हालांकि, कुछ क्षेत्रों जैसे बाओ लोक और बा त्रि में अपवाद स्वरूप अधिक वर्षा हुई है, लेकिन देश की प्रमुख नदी घाटियों में जल प्रवाह अपने ऐतिहासिक निचले स्तर पर पहुँच गया है। उत्तर में थाओ और लो जैसी नदियों में जल प्रवाह औसत से 40-70% कम रहा है, जो आने वाले बड़े संकट की शुरुआती आहट है।

व्यापक सूखे और ऊर्जा सुरक्षा पर खतरा

मंत्रालय का अनुमान है कि अल नीनो के प्रभाव से 2026 के उत्तरार्ध में तापमान सामान्य से कहीं अधिक रहेगा। विशेष रूप से दा नदी प्रणाली के बड़े जलाशयों में जल प्रवाह में 10-25% की कमी आने की आशंका है। इससे न केवल कृषि कार्यों के लिए पानी की किल्लत होगी, बल्कि जलविद्युत उत्पादन पर भी असर पड़ सकता है, जिससे ऊर्जा सुरक्षा को खतरा पैदा होगा। मध्य वियतनाम की नदियों में भी जल प्रवाह 15-44% तक कम रहने का अनुमान है, जिससे जिया लाई, डाक लक और खान्ह होआ जैसे प्रांतों में स्थानीय सूखे का खतरा बढ़ गया है।

मेकांग डेल्टा और खारे पानी का घुसपैठ

दक्षिणी वियतनाम के लिए भी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। मई से दिसंबर 2026 तक मेकांग नदी का कुल प्रवाह पिछले कई वर्षों के औसत की तुलना में काफी कम रहने का अनुमान है। इसके परिणामस्वरूप, 2026-2027 के शुष्क मौसम में समुद्र के खारे पानी का नदियों में प्रवेश (Saltwater Intrusion) बढ़ सकता है। यह स्थिति मेकांग डेल्टा के कृषि क्षेत्र और पेयजल आपूर्ति के लिए एक बड़ी चुनौती होगी।

अप्रत्याशित मौसमी घटनाएं और चेतावनी

भले ही अल नीनो के दौरान कुल वर्षा कम होती है, लेकिन मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि कम समय में ‘चरम मौसम’ की घटनाएं बढ़ सकती हैं।

अचानक भारी बारिश से बाढ़, भूस्खलन और शहरी क्षेत्रों में जलभराव की स्थितियां बन सकती हैं। इसके अतिरिक्त, दक्षिण चीन सागर में तूफानों की संख्या कम रह सकती है, लेकिन आने वाले तूफानों की तीव्रता और उनके पथ अप्रत्याशित हो सकते हैं।

कृषि एवं पर्यावरण मंत्रालय ने कहा है कि वे जल संसाधनों और ENSO की स्थिति पर निरंतर नजर रख रहे हैं ताकि समय रहते बुलेटिन जारी किए जा सकें।

DISHA ROJHE

disharojhe007@gmail.com

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