नई दिल्ली: सोशल मीडिया और गूगल पर ‘Tsunami Warning’ शब्द अचानक से चर्चा का विषय बन गया है। इसका कारण कोई ताजा खतरा नहीं, बल्कि नासा और फ्रांसीसी अंतरिक्ष एजेंसी के एसडब्लूओटी (Surface Water and Ocean Topography) सैटेलाइट द्वारा जारी की गई वे अद्भुत तस्वीरें हैं, जिन्होंने सुनामी के बारे में वैज्ञानिकों की पुरानी धारणाओं को बदल कर रख दिया है।
2025 का शक्तिशाली भूकंप
यह डेटा 29 जुलाई 2025 को रूस के कमचटका प्रायद्वीप में आए 8.8 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप से संबंधित है। उस समय समुद्र के भीतर टेक्टोनिक प्लेट्स खिसकने से भीषण सुनामी आई थी, जिसकी लहरें 55 फीट (17 मीटर) से अधिक ऊंची थी।
वैज्ञानिकों के लिए उपलब्धि?
सटीक टाइमिंग: भूकंप के ठीक 70 मिनट बाद SWOT सैटेलाइट उस क्षेत्र के ऊपर से गुजरा और सुनामी की संरचना को अंतरिक्ष से कैद कर लिया।
जटिल संरचना: तस्वीरों से पता चला कि सुनामी केवल एक सीधी लहर नहीं होती, बल्कि यह ऊर्जा का एक जटिल और फैला हुआ पैटर्न है।

पुराने मॉडल फेल: सैन डिएगो स्टेट यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने पाया कि सुनामी की भविष्यवाणी के लिए वर्तमान में इस्तेमाल होने वाले ‘पारंपरिक मॉडल’ इन बारीक लहरों को नहीं देख पाते, जिन्हें सैटेलाइट ने पकड़ा है।
क्या अभी कोई खतरा है?
ट्रेंडिंग होने के बावजूद, वर्तमान में किसी नई सुनामी की चेतावनी जारी नहीं की गई है। यह चर्चा मुख्य रूप से इन ऐतिहासिक तस्वीरों और भविष्य में सुनामी की बेहतर भविष्यवाणी करने की नई वैज्ञानिक क्षमता के कारण हो रही है।



