नालंदा। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण में होने वाले मतदान से पहले नालंदा जिले में चुनाव प्रचार का शोर थम गया है। मंगलवार शाम छह बजे से जिले में साइलेंस पीरियड लागू हो गया है। इस अवधि में किसी भी तरह की सार्वजनिक जनसभा, रोड शो, लाउडस्पीकर, या ऑनलाइन राजनीतिक प्रचार पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
डीएम कुंदन कुमार और पुलिस अधीक्षक भारत सोनी ने संयुक्त प्रेस वार्ता कर बताया कि साइलेंस अवधि के दौरान आचार संहिता का सख्ती से पालन कराया जाएगा। डीएम ने स्पष्ट कहा कि इस अवधि में किसी भी उम्मीदवार या दल द्वारा नियमों का उल्लंघन करने पर दो साल की सजा या जुर्माना, या दोनों का प्रावधान है।
मतदाताओं को लुभाने पर होगी सख्त कार्रवाई
डीएम कुंदन कुमार ने चेतावनी दी कि मतदान से 48 घंटे पहले मतदाताओं को प्रभावित करने की किसी भी कोशिश पर प्रशासन कड़ी कार्रवाई करेगा। पैसे, शराब या उपहार बांटने की शिकायत पर तुरंत प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। इस दौरान ओपिनियन पोल और एग्जिट पोल के प्रकाशन या प्रसारण पर भी पूरी तरह रोक रहेगी।
नालंदा में सात विधानसभा क्षेत्रों में 68 प्रत्याशी मैदान में
नालंदा जिले की सात विधानसभा सीटों, इस्लामपुर, हिलसा, अस्थावां, हरनौत, राजगीर, बिहार शरीफ और नालंदा — पर कुल 68 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। इनमें इस्लामपुर से सबसे अधिक 13 प्रत्याशी हैं, जबकि अस्थावां और राजगीर से सबसे कम 7-7 उम्मीदवार हैं। जिले में कुल 22 लाख 42 हजार 867 मतदाता हैं, जिनमें 11.81 लाख पुरुष, 10.61 लाख महिलाएं और 54 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। इनमें से 39,651 युवा इस बार पहली बार मतदान करेंगे।
मतदान केंद्रों की तैयारी और विशेष बूथ
जिले में 7 आदर्श बूथ, 1 पिंक बूथ (पूर्णतः महिला कर्मियों द्वारा संचालित) और 1 पीडब्ल्यूडी बूथ तैयार किया गया है। डीएम ने बताया कि मतदान दिवस पर प्रत्याशी को एक वाहन, निर्वाचन अभिकर्ता को एक और कार्यकर्ताओं के लिए एक वाहन (ड्राइवर सहित 5 लोग) की अनुमति होगी। इसके लिए उन्हें दोबारा अनुमति लेनी होगी।
20 हजार से अधिक सुरक्षाकर्मी तैनात
पुलिस अधीक्षक भारत सोनी ने बताया कि जिले में शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान के लिए 20 हजार से अधिक सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। सीएपीएफ और बाहरी जिला बल की कंपनियां नालंदा पहुंच चुकी हैं। मतदान केंद्रों के अलावा एफएसटी, एसएसटी और क्यूआरटी टीमें 24 घंटे सक्रिय रहेंगी। डीएसपी रैंक के अधिकारियों के नेतृत्व में सुपरवाइजरी और सुपर जोनल टीमें भी लगातार गश्त करेंगी। चौकीदारों से लेकर सिपाही तक सभी को चुनावी ड्यूटी में लगाया गया है।
अब नालंदा नक्सल प्रभावित जिला नहीं
एसपी ने बताया कि नालंदा जिले में अब कोई भी बूथ नक्सल प्रभावित की श्रेणी में नहीं आता। उन्होंने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था के तहत अब तक 50 अवैध हथियार और 200 से अधिक कारतूस जब्त किए जा चुके हैं। तीन अवैध मिनी गन फैक्ट्रियां पकड़ी गई हैं और छह आचार संहिता उल्लंघन के मामले दर्ज हुए हैं। इसके अलावा, हाल ही में वेना थाना क्षेत्र में एनसीबी की मदद से 248 किलो गांजा की बड़ी खेप जब्त की गई है।
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प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
डीएम और एसपी ने संयुक्त रूप से कहा कि शांतिपूर्ण मतदान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिले के सभी मतदान केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता कर दी गई है और मतदाताओं से निर्भय होकर मतदान करने की अपील की गई है।



