पटना: बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के लिए चुनाव आयोग ने शुक्रवार को अधिसूचना जारी कर दी है। इसके साथ ही 121 विधानसभा सीटों के लिए नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। उम्मीदवार 17 अक्टूबर तक अपने नामांकन पत्र दाखिल कर सकेंगे। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को होगा, जबकि दूसरा चरण 11 नवंबर को होगा। वोटों की गिनती 14 नवंबर को होगी।
नामांकन की प्रक्रिया और समयसीमा
चुनाव आयोग के अनुसार, नामांकन की प्रक्रिया 17 अक्टूबर तक चलेगी। 18 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, और उम्मीदवार 20 अक्टूबर तक अपने नाम वापस ले सकेंगे। नामांकन केंद्रों पर पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के निर्देश
चुनाव आयोग ने नामांकन केंद्रों के आसपास कड़े सुरक्षा इंतजामों का निर्देश दिया है। केंद्रों के बाहर समर्थकों और लोगों के जमावड़े पर रोक रहेगी। नामांकन के दौरान उम्मीदवार के साथ केवल पांच लोग ही मौजूद रह सकेंगे। प्रक्रिया की निष्पक्षता के लिए पूरे नामांकन की वीडियोग्राफी भी की जाएगी।
8.5 लाख कर्मियों की तैनाती
बिहार में निष्पक्ष और सुचारू चुनाव के लिए आयोग ने 8,50,000 कर्मियों को तैनात किया है। इनमें 4,53,000 मतदान कर्मी, 2,50,000 पुलिसकर्मी, 28,000 से अधिक मतगणना कर्मी और 18,000 माइक्रो-ऑब्जर्वर शामिल हैं। यह व्यवस्था मतदान और मतगणना के दौरान शांति और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए की गई है।
पहले चरण में शामिल जिले
पहले चरण में 17 जिलों की 121 सीटों पर 6 नवंबर को सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक मतदान होगा। इनमें पटना, दरभंगा, मधेपुरा, सहरसा, मुजफ्फरपुर, गोपालगंज, सिवान, सारण, वैशाली, समस्तीपुर, बेगूसराय, लखीसराय, मुंगेर, शेखपुरा, नालंदा, बक्सर और भोजपुर जैसे प्रमुख जिले शामिल हैं। ये क्षेत्र उत्तर और दक्षिण बिहार के महत्वपूर्ण राजनीतिक केंद्र हैं, जहां कड़ा मुकाबला होने की संभावना है।
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दो चरणों में होंगे चुनाव
बिहार विधानसभा चुनाव दो चरणों में आयोजित किए जा रहे हैं। पहला चरण नवंबर को और दूसरा चरण 11 नवंबर को होगा। दोनों चरणों के वोटों की गिनती 14 नवंबर को होगी। इस बार एनडीए और महागठबंधन के बीच सीधा मुकाबला होने की उम्मीद है, और कई सीटों पर बागी उम्मीदवारों के कारण त्रिकोणीय या बहुकोणीय मुकाबला भी देखने को मिल सकता है। पहले चरण का नामांकन और मतदान बिहार की सियासी दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएगा। सभी की नजरें अब उम्मीदवारों की अंतिम सूची और 6 नवंबर के मतदान पर टिकी हैं।



